कानपुर देहात। माती स्थित कलक्ट्रेट सभागार में बृहस्पतिवार को बेसिक शिक्षा विभाग के जिला टास्क फोर्स की बैठक हुई। डीएम ने समीक्षा करते हुए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और शत-प्रतिशत नामांकन पर जोर दिया। साथ ही स्कूलों में मूलभूत सुविधाओं को पूरा करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी कपिल सिंह ने स्कूल चलो अभियान की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि जनपद के प्रत्येक पात्र बच्चे का विद्यालय में नामांकन कराया जाए। ड्रॉप आउट बच्चों को चिह्नित कर विशेष अभियान के तहत दोबारा स्कूल से जोड़ते हुए अभिभावकों को जागरूक किया जाए। स्पष्ट किया कि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित नहीं रहना चाहिए। साथ ही डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) योजना और निशुल्क पाठ्य पुस्तक वितरण को समयबद्ध व पारदर्शी तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।
सीडीओ विधान जायसवाल ने गुणवत्तापूर्ण शिक्षण को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए खंड शिक्षा अधिकारियों को नियमित और प्रभावी मॉनिटरिंग के निर्देश दिए। कहा कि बच्चों के सीखने की क्षमता और परिणामों में सुधार के लिए कक्षा आधारित गतिविधियों, नवाचारी शिक्षण विधियों तथा एफएलएन (आधारभूत साक्षरता एवं संख्यात्मक ज्ञान) कार्यक्रमों को प्रभावी ढंग से लागू किया जाए। जिन स्कूलों में स्मार्ट क्लास की सुविधा है वहां डिजिटल माध्यमों से रुचिपूर्ण पठन-पाठन कराया जाए। कमजोर विद्यार्थियों के लिए विशेष शैक्षणिक सहयोग की व्यवस्था भी की जाए।
वहीं, निर्माणाधीन सीएम मॉडल कंपोजिट विद्यालयों की प्रगति की समीक्षा करते हुए डीएम ने कार्यों को गुणवत्ता के साथ समय पर पूरा करने को कहा। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर जर्जर भवनों में कक्षाओं का संचालन पूरी तरह रोकने और स्कूल परिसर के पास से गुजर रही हाईटेंशन लाइनों को प्राथमिकता पर हटवाने के निर्देश दिए। साथ ही नए आवासीय बालिका विद्यालयों की स्थापना के लिए जल्द भूमि चिह्नित करने को कहा। बीएसए आशीष पांडेय, डीपीआरओ विकास पटेल, डीपीओ डॉ. आरबी सिंह व सभी बीईओ मौजूद रहे।