कानपुर देहात। अब बच्चों की शारीरिक कमी उनकी शिक्षा की राह में बाधा नहीं बनेगी। ऐसे दिव्यांग बच्चे जो अकेले स्कूल नहीं आ सकते हैं। उनको शिक्षा की मुख्य धारा से जोड़ने के लिए अब एक सहायक व्यक्ति के लिए एस्कार्ट अलाउंस दिया जाएगा।
जिले में संचालित 1920 परिषदीय स्कूलों में 2106 दिव्यांग बच्चे पंजीकृत हैं। इनमें कक्षा एक से आठ तक के 390 दिव्यांग बच्चों को समग्र शिक्षा के तहत अलाउंस दिया जाएगा। इससे इन दिव्यांग बच्चों को नियमित स्कूल आने में काफी सहायता मिलेगी। विभाग के अनुसार दृष्टि हीन, बौद्धिक रूप से दिव्यांग, सेरेब्रल पाल्सी पीड़ित एवं अन्य दिव्यांगता वाले बच्चों को यह सहायता दी जाएगी। शासन ने योजना को दो भागों में लागू किया है। इसमें पहले भाग में 150 बच्चों को चिह्नित किया जा रहा है।
इनके सहायक व्यक्ति को 600 रुपये प्रति माह अलाउंस दिया जाएगा। जबकि दूसरे भाग में सिर्फ बालिकाओं को शामिल किया गया है। इसमें 240 बालिकाएं चिह्नित की गई हैं। इनके सहायक व्यक्ति को दो सौ रुपये एस्कार्ट अलाउंस दिया जाएगा। दोनों ही योजना वर्ष में दस माह के लिए लागू होगी। बच्चे अपनी सुविधा के अनुसार किसी सहयोगी का चयन कर सकेंगे। जिला समन्वयक समेकित शिक्षा अश्वनी आनंद ने बताया कि 40 प्रतिशत या उससे अधिक दिव्यांगता प्रमाण पत्र और नियमित उपस्थिति अनिवार्य होगी। योजना की पात्रता प्रेरणा और समर्थ पोर्टल से तय होगी। पूरी प्रक्रिया 30 सितंबर तक पूरी की जानी है।