कानपुर। कानपुर-सागर हाईवे पर महज 20 किलोमीटर के दायरे में इस साल जनवरी से अब तक करीब 180 हादसों में 50 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। 212 से ज्यादा लोग घायल हो चुके। बारिश के बाद कई जगह सड़क से ज्यादा गड्ढे नजर आ रहे हैं। गड्ढों से बचने के चक्कर में भारी वाहन अचानक लेन बदलते हैं जिससे हादसे का खतरा लगातार बना है। बिधनू के हरबसपुर के पास डंपर और स्कूती बस की भिड़ंत इसका उदाहरण है। हादसे में शिक्षिका की मौत हो गई।
औंधा, ओरियारा, माधवबाग, मगरासा, रमईपुर, तेजीपुरवा, प्रेमपुरवा, मटियारा मोड़, अफजलपुर, बिधनू, हरबसपुर, कठेरूवा, हड़हा और शंभुआ आरओबी समेत कई स्थानों पर हाईवे की हालत खराब है। स्थानीय लोगों के मुताबिक रात में पानी से भरे गड्ढे दिखाई नहीं देते। जगह-जगह फैली बजरी में दोपहिया वाहन सवार फंसकर गिर रहे हैं जबकि बड़े वाहन गड्ढों से बचने के लिए अचानक दिशा बदल देते हैं। हरबसपुर में शुक्रवार को हुए हादसे में शिक्षिका ऐश्वर्या की मौत और कई लोगों के घायल होने के बाद सड़क के गड्ढे हादसे की वजहों में शामिल किए जा रहे हैं।