शहर के क्लासिक लॉन क्वारंटीन सेंटर में तीन कोरोना संक्रमित मिलने के बाद मरीजों को एबुलेंस से बिछ?
- फोटो : UNNAO
उन्नाव/बीघापुर। बीघापुर तहसील क्षेत्र के गांव पिपरासर में दो दिन पहले कोरोना संक्रमित मिली वृद्धा की शुक्रवार देर रात कानपुर हैलट में इलाज के दौरान मौत हो गई। वहीं, चार दिन पहले महाराष्ट्र से लौटी ननद-भाभी और तमिलनाडु के कोयंबटूर से लौटे युवक में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है। ये तीनों उन्नाव के हिलौली ब्लॉक क्षेत्र के रहने वाले हैं।
गुजरात के अहमदाबाद से 17 मई को बेटी-दामाद के साथ वापस लौटी पिपरासर गांव निवासी 65 वर्षीय वृद्धा रामकुमारी पत्नी मेड़ई की गुरुवार को हालत बिगड़ने के बाद स्वास्थ्य टीम उसे जिला अस्पताल लाई थी। सुधार न होने पर उसी दिन कानपुर हैलट रेफर कर दिया गया था। वृद्धा की रिपोर्ट कोरोना संक्रमित आने के बाद उसकी बेटी-दामाद सहित 20 लोगों को सरस्वती मेडिकल कॉलेज में आइसोलेट कराया गया था। शुक्रवार देर रात महिला ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पीएचसी प्रभारी डॉ. पंकज पांडेय ने बताया कि वृद्धा की मौत हो गई है।
वहीं, हिलौली ब्लॉक के गांव पारा निवासी तीस व बत्तीस वर्षीय महिलाएं महाराष्ट्र से और इसी ब्लॉक के गांव भवानीखेड़ा निवासी 21 वर्षीय युवक तमिलनाडु के कोयंबटूर से 27 मई को ट्रेन से हरदोई स्टेशन उतरे थे। वहां से रोडवेज बस से उन्नाव भेजा गया था। जिला प्रशासन ने उन्हें शहर के मोहल्ला मोतीनगर स्थित क्लासिक लॉन में क्वारंटीन कराया था और यहां रुके लोगों में 15 के सैंपल जांच के लिए लखनऊ मेडिकल कॉलेज भेजे थे। शनिवार को आई रिपोर्ट में इन तीनों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है। रिपोर्ट आते ही संक्रामक रोग प्रभारी डॉ. आरएस मिश्रा टीम के साथ क्वारंटीन सेंटर पहुंचे और एंबुलेंस से तीनों संक्रमितों को बिछिया के कोविड एलवन अस्पताल में भर्ती कराया है। क्वारंटीन सेंटर में रुके कुल 38 लोगों में से 35 को इसी क्वारंटीन सेंटर में आइसोलेट किया गया है। स्वास्थ्य विभाग सभी के सैंपल लेकर जांच के लिए लखनऊ भेज रहा है।
संक्रामक रोग प्रभारी ने बताया कि सभी को ट्रेन से उतारकर सीधे क्वारंटीन सेंटर में रखा गया था। इनमें से कोई भी प्रवासी क्वारंटीन सेंटर से बाहर नहीं निकला इसलिए आसपास का क्षेत्र सील करने की आवश्यकता नहीं है। कोतवाल दिनेशचंद्र मिश्रा ने बताया कि क्वारंटीन सेंटर पहले से हॉटस्पॉट घोषित है। वहां आसपास किसी को नहीं आने दिया जाता। इसलिए बैरिकेडिंग नहीं लगाई जाएगी।