एसपी सुनीति ने बताया पूरे प्रकरण की जांच के लिए एसआईटी गठित की गई है। इसमें दो डिप्टी एसपी व दो इंस्पेक्टरों को शामिल किया गया है। टीम ने बुधवार से जांच शुरू कर दी है। इधर, डीएम नेहा जैन ने बताया कि पुलिस हिरासत में हुई बलवंत की मौत की मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश दिए गए है।
गांव में गमगीन रहा माहौल, ढांढस बंधाने पहुंचे लोग
पुलिस कस्टडी में बलवंत सिंह की मौत के बाद गांव का माहौल पूरे दिन गमगीन बना रहा। परिवार में महिलाएं रोती बिलखती रहीं। कोई ग्रामीण कुछ खुलकर बोलने को तैयार नहीं था। परिवार के पुरुष पोस्टमार्टम हाउस चले गए थे। घर पर गांव की महिलाएं ढांढस बंधाने पहुंचीं।
पुलिस ने कहा था पूछताछ कर छोड़ देंगे
लूट का शिकार हुए चंद्रभान सिंह ने बताया कि सोमवार रात पुलिस ने भतीजे बलवंत को उठाया था। जानकारी पर परिजनों के साथ मैथा पुलिस चौकी, शिवली थाने के कई चक्कर लगाए। दोनों जगह पुलिस वाले बलवंत के बारे में जानकारी न होने की बात कहकर टरकाते रहे।
देर रात बलवंत के रनियां थाने में होने की बात पता चली, तो वहा पहुंचे। वहां पुलिस वालों ने कहा कि बलवंत को पूछताछ के लिए लाया गया है। कुछ देर बाद बाद छोड़ दिया जाएगा। थाने में एक बार बलवंत उन्हें नजर आया, तो वह ठीक तरीके से चल नहीं पा रहा था। पुलिस ने बलवंत को छोड़ा, लेकिन जिंदा नहीं मरा।