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चित्रकूट: छात्र के शव को जमीन से निकाल दोबारा कराया पोस्टमार्टम, ये है पूरा मामला

Tue, 10 Sep 2019 01:09 AM IST
शिखा पांडेय यूपी डेस्क, अमर उजाला, चित्रकूट
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पुलिस से दोबारा पोस्टमार्टम की गुहार लगाते परिजन - फोटो : अमर उजाला
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चित्रकूट में मंदाकिनी नदी में मिले अज्ञात युवक को मप्र नया गांव थाना की पुलिस ने कुछ ही देर में  पोस्टमार्टम करा जमीन में दफना दिया। दूसरे दिन अज्ञात युवक महात्मा गांधी ग्रामोदय विश्चविद्यालय का छात्र के रूप में शिनाख्त होने पर हडकंप मच गया। जानकारी पर मृत छात्र के पिता जब चित्रकूट पहुंचे तो उनके साथ मृतक के साथी छात्रों ने पुलिस के कार्रवाई को लेकर थाने के सामने प्रदर्शन किया। सभी ने इसे हत्या कर शव फेंकने का आरोप लगाया। दोबारा पोस्टमार्टम कराने के लिए धरना व प्रदर्शन किया। आक्रोशित छात्रों के मंत्वय को समझ पुलिस ने शव को जमीन से निकालकर दोबारा पोस्टमार्टम कराया। 
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सोमवार को धर्मनगरी के रामघाट में एक युवक का शव मंदाकिनी नदी में मिला था। जिसमें हत्या की आशंका जताई गई थी। अज्ञात होने के बाद भी पुलिस ने कुछ ही घंटे में युवक के शव का पोस्टमार्टम कराकर जमीन में दफना दिया।दूसरे दिन पता चला कि मृतक युवक महात्मागांधी ग्रामोदय विश्वविद्यालय चित्रकूट का बीटेक का छात्र सिद्धार्थ केसरवानी जो जिला शहडोल मप्र का रहने वाला है।

मृतक के छात्र के पिता प्रमोद कुमार केशरवानी नया गांव थाना पहुंचकर फोटो व कपडे़ के माध्यम से पहचाना। उन्होंने दो घंटे के अंदर ही शव का पोस्टमार्टमकराने के बाद जमीन में दफनाने का विरोध किया। इस बात की जानकारी विश्वविद्यालय के छात्रों को भी हो गई।

उन्होंने नया गांव थाना के सामने प्रदर्शन कर दोबारा पोस्टमार्टम की मांग किया। जिस पर पुलिस ने शव को जमीन से निलवाकर दुबारा पोस्टमार्टम कराने के लिए भेजा। मृतक के पिता प्रमोद कुमार केसरवानी ने बताया कि उसके पुत्र से रविवार को रात 9 बजे बात हुई थी।
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इसके बाद फोन पर बातचीत नहीं हुई। जिससे उनको अनहोनी की आशंका हुई। वह शहडोल से चित्रकूट पहुंचकर अपने पुत्र के कमरे पहुंचे जहां उनका पुत्र नहीं मिला। जिस पर थाने में गुमसुदी की रिपोर्ट लिखाने पहुंचे। वहीं पर पुलिस कर्मियों ने बताया कि एक अज्ञात युवक का शव नदी में मिला है। उसकी तस्वीर दिखाई तो वह उनका ही पुत्र निकाला।  

अज्ञात शव का पोस्टमार्टम 72 घंटे से पहले हुआ 
मप्र प्रदेश में भी अज्ञात शव मिलने के बाद 72 घंटे में शव का पोस्टमार्टम कराने का नियम है जबकि दो घंटे के अंदर छात्र के शव का पोस्टमार्टम करा दिया गया। थानाध्यक्ष संतोष तिवारी का कहना कि वह उस दिन थाने में मौजूद नहीं थे।इसकी जानकारी की जा रही है।
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