दोपहर में जब अशोक वैष्णो देवी से लौटा, तो पुलिस को घटना की जानकारी हुई। घटना के पीछे पारिवारिक कलह की बात सामने आई है। मीनू का मायका कानपुर देहात के रसूलाबाद में है। गुरुवार को दोनों के शवों का पोस्टमार्टम कराया गया। रिपोर्ट के मुताबिक मीनू की रस्सी से गला घोंटकर हत्या की गई थी।
दुष्कर्म की आशंका के चलते स्लाइड भी सुरक्षित की गई
मीनू के शरीर पर चोटों के कई निशान मिले हैं, जिससे आशंका जताई जा रही है कि मीनू ने अपनी जान बचाने के लिए संघर्ष भी किया था। वहीं, दुष्कर्म की आशंका के चलते मीनू की स्लाइड बनाकर भी सुरक्षित की गई है। अधिकारी पोस्टमार्टम रिपोर्ट के साथ ही फोरेंसिक रिपोर्ट आने का इंतजार कर रहे हैं, ताकि मामले की कड़ी से कड़ी जोड़ी जा सके।
मां बोली- फोन किया तो बताया कि गाड़ी खराब है, आज लेने नहीं आएगा
पुलिस पूछताछ के दौरान वृद्ध मां ने अशोक को रोते हुए बताया कि कुलदीप ने उसे ननद के घर पास ही रास्ते में छोड़कर जल्दी में चला गया था। करीब दो घंटे बाद उसे फोन किया, तो उसने कहा कि गाड़ी खराब है। आज नहीं आएंगे। अगर वह आ जाता, तो दोनों जीवित होते।
कल भी हमने मारने की कोशिश की थी, पर मार नहीं पाए थे
कुलदीप ने आत्महत्या से पहले मीनू के मोबाइल से वीडियो बनाया। इसमें उसने कहा कि कल (मंगलवार) को भी हमने मीनू को मारने की कोशिश की थी, लेकिन नहीं मार पाए। घर की रोज-रोज की कलह से परेशान थे। हम उस दिन को कोसते हैं, जिस दिन हमने भाई की शादी कराई थी।
मीनू ने घर बर्बाद करके रख दिया
आज इसको मारकर कलंकी बन गए हैं। हम भी मर जाएंगे, क्योंकि आज तक मैंने चींटी तक नहीं मारी। इसने घर बर्बाद करके रख दिया। मेरे मम्मी-पापा ने पाई-पाई जोड़कर हम सबको पाला। छह महीने से हम इसे मारने कि कोशिश कर रहे थे,लेकिन सफलता नहीं मिली।
सुसाइड नोट में लिखा- मीनू को न गिनती और न घड़ी देखना आता था
पुलिस की जांच में कमरे से नौ पेज का एक सुसाइड नोट भी मिला। इसमें कुलदीप ने मीनू से कैसे शादी हुई और उसके बाद घर पर कैसे कलह हुई। इसके बारे उसने लिखा कि शादी के बाद पता चला कि मीनू अनपढ़ थी और 100 तक गिनती नहीं आती थी। घड़ी देखनी नहीं आती थी। न ही खाना बनाना आता था।
धमकी दी थी कि पूरा घर जेल में नजर आएगा
शादी के महीने दो महीने बाद ही घर पर लडऩे लगती और बात-बात पर गुस्सा हो जाती थी। तीन चार दिन तो कमरे से ही नहीं निकलती थी। हम लोग बहुत बुरी तरह से फंस चुके थे। उसके मम्मी-पापा हम लोगों को गाली देते थे। उसने धमकी दी थी कि पूरा घर जेल में नजर आएगा। मीनू के भाई से जब बताते तो वह उल्टा धमकाता कि अगर तलाक के बारे में सोचा तो दहेज प्रथा में अंदर करा दूंगा।
दो महीने के अंदर खेत मेरी मम्मी के नाम कर दें
अशोक मैंने तुम्हारी जिंदगी बर्बाद की है, तो मैं ही सुधारुंगा। सोनू से तुम मुझसे नाराज न होन मैं तुम्हारी बहन को अंधेरे में छोड़कर नहीं जा रहा हूं। अपना भाई दे रहा हूं। मैं बाबा से भी एक बात कहना चाहता हूं कि समय कोई देखकर नहीं आया है। अगर थोड़ी सी शर्म बाकी हो, तो दो महीने के अंदर खेत मेरी मम्मी के नाम कर दें।
अब तक जांच में सामने आया है कि जेठ ने पहले अपनी भाई की पत्नी की गला घोंटकर हत्या की। फिर खुद फंदे से लटकर जान दी है। जांच में नौ पेज का सुसाइड नोट और एक वीडियो मिला है। जांच चल रही है। -अंकिता शर्मा, एडीसीपी दक्षिण