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दुर्घटना में सीआरपीएफ जवान की पुलवामा में मौत, उमड़ पड़ा आंसुओं का सैलाब

Thu, 09 May 2019 12:17 AM IST
प्रशांत कुमार यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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सैनिक रामकिशोर उर्फ सुनील यादव (फाइल फोटो)
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कानपुर के चौबेपुर कस्बे के भिडुरी गांव के सीआरपीएफ जवान की जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में दुर्घटना में मौत हो गई। बुधवार देर शाम आई सूचना से परिजनों और ग्रामीणों में शोक की लहर दौड़ गई। परिजनों को पुलवामा के सीआरपीएफ हेडक्वार्टर से जानकारी दी गई है। बता दें कि पहाड़ से गिरे पत्थर की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गया था। 
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कानपुर चौबेपुर कस्बे के भिडुरी गांव निवासी सीआरपीएफ जवान रामकिशोर उर्फ सुनील यादव (36) पुत्र राधेश्याम जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में तैनात थे। भिडुरी गांव निवासी सुनील के मामा हरिशचंद्र सिंह यादव ने बताया कि बुधवार शाम पांच बजे सुनील की पत्नी वंदना यादव के मोबाइल पर सीआरपीएफ पुलवामा हेड क्वाटर से दुर्घटना में मौत की सूचना आई।

सीआरपीएफ अफसरों ने मोबाइल पर जवान की पत्नी वंदना को बताया कि करीब दस दिन पहले ड्यूटी पर गश्ती के दौरान पहाड़ों से एक बड़ा पत्थर गिर जाने से सुनील बुरी तरह घायल हो गए थे। इसके बाद उन्हें सैनिक अस्पताल में भर्ती कराया गया था, बुधवार की दोपहर सुनील की उपचार के दौरान मौत हो गई।
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सुनील के पिता भी फौजी थे जिनकी भी बीमारी के चलते मौत हो चुकी है

सैनिक रामकिशोर उर्फ सुनील की मौत की सूचना पर पत्नी सहित मां लक्ष्मी, बहन गायत्री, छोटे भाई नंद किशोर का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं घटना की सूचना पर चौबेपुर एसओ सुखराम रावत पीड़ित सैनिक परिवार को देर रात तक सांत्वना देने के लिए पहुंचे।


चौबेपुर के भिडुरी गांव निवासी सैनिक के मामा हरिशचंद्र यादव ने बतायाकि भांजा राम किशोर उर्फ सुनील के पिता राधेश्याम यादव मूल रूप से खड़गपुर शिवली, कानपुर देहात के निवासी थे। सुनील की मां लक्ष्मी, भाई नंद किशोर वर्तमान में खड़गपुर में अपने मूल निवास पर रहते हैं। शादी के बाद से भांजा सुनील और उसकी पत्नी वंदना उनके साथ भिडुरी गांव में रहते हैं।

सुनील के पिता भी फौजी थे जिनकी भी बीमारी के चलते मौत हो चुकी है। जिनके स्थान पर सुनील को नौकरी मिली थी। सुनील और वंदना की शादी के करीब सात साल हो गए हैं। अभी तक दोनों की कोई संतान नहीं है। घटना की सूचना के बाद परिजनों का हाल-बेहाल है।
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