बिल्हौर (कानपुर)। तहसील क्षेत्र में बारिश न होने और रजबहे-माइनर सूखे रहने से धान की फसल के लिए सिंचाई का संकट बना हुआ है। तेज धूप होने से फसल सूखने की कगार पर है। महंगी लागत से तैयार धान की फसल को बर्बाद होते देखकर किसान परेशान है।
क्षेत्र के ककवन, फत्तेपुर, मनावा, कुरेह, विषधन, दलेलपुर, वछना, अलियापुर, बैड़ी, राढ़ा, पूरा घंसीनिवादा, सैबसू, राजेपुर, मल्लापुर, नदीहा, कमालपुर, रामपुर नरुआ, सखरेज, भैसऊ, भौसाना गांवों में निचली गंग नहर से निकले रजबहों-माइनर सूखे पड़े हैं।
मल्लापुर गांव निवासी दीपू कटियार, सैबसू गांव के विमलेश मिश्रा कल्लू, वछना के सुरेंद्र अग्निहोत्री, बबलू, दलेलपुर के अनिल कटियार, बैड़ी अविरल शुक्ला, राजेपुर के सुशील ने बताया कि बंबा में पानी न आने धान की फसल को बहुत नुकसान है। बारिश भी नहीं हो रही। जिससे धान की फसल बोए किसानों को काफी नुकसान उठना पड़ सकता है।