कानपुर में कोरोना की स्वदेशी वैक्सीन के बाद अब रूस की वैक्सीन ‘स्पूटनिक-वी’ का भी ट्रायल होगा। इसके लिए जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज को अनुमति मिल गई है। इस माह के अंतिम सप्ताह या दिसंबर की शुरुआत में इस वैक्सीन के दूसरे व तीसरे चरण के ट्रायल की प्रक्रिया शुरू होगी।
जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. आरबी कमल, मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ. रिचा गिरि व डॉ. सौरभ अग्रवाल ने बताया कि रूस की वैक्सीन के ट्रायल के लिए कॉलेज की एथिकल कमेटी ने अनुमोदन कर दिया है।
देश में यह ट्रायल फार्मा कंपनी डॉ. रेड्डीज लैब के सहयोग से हो रहा है। उत्तर प्रदेश में जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज ही इसका ट्रायल करेगा। कॉलेज 200 वॉलंटियर पर ट्रायल करने की तैयारी में है। लैब के मुताबिक यह संख्या अधिक भी हो सकती है।
अभी तक 180 लोगों ने रजिस्ट्रेशन कराया है। वैक्सीन की डोज 21 दिनों के अंतराल में दी जाएगी। इसके बाद सभी वॉलंटियर पर सात महीने तक नजर रखी जाएगी। इसमें साइड इफैक्ट भी देखा जाएगा।
यह ट्रायल 18 साल या इससे ऊपर के उन वॉलंटियर पर किया जाएगा जिन्हें कोरोना नहीं हुआ है। गर्भवती, कैंसर व हेपेटाइटिस जैसी गंभीर बीमारियों से ग्रस्त मरीजों पर इसका ट्रायल नहीं होगा। इसकी रिपोर्ट डॉ. रेड्डीज लैब के माध्यम से रूस भेजी जाएगी।
ट्रायल के लिए करा सकते रजिस्ट्रेशन
वैक्सीन के ट्रायल के लिए जो वॉलंटियर रजिस्ट्रेशन कराना चाहते हैं वे मोबाइल नंबर- 8090609630 या 8707574418 पर संपर्क कर सकते हैं।