कानपुर देहात में रसूलाबाद के रामनगर गांव में पांच अप्रैल को संदिग्ध युवक आया था। इसकी जानकारी पर उसे बारा के एक कॉलेज में बनाए गए क्वारंटीन सेंटर भेजा गया था। वहां से वह भाग गया। पुलिस उसे ढूंढने के लिए लगातार प्रयास करती रही। वहीं संदिग्ध के भागने से उसका सैंपल भी नहीं लिया जा सका है।
पांच अप्रैल को रामनगर गांव में राजू कमल के मुर्गी फार्म पर एक युवक आया था। उसने भूखे होने की बात कही तो राजू ने खाना खिलाया। इसके बाद वह मुर्गी फार्म में सफाई का काम करने लगा। इसकी जानकारी पर लेखपाल कोमल सिंह ने एसडीएम अंजू वर्मा को सूचना दी।
एसडीएम पुलिस बल के साथ गांव पहुंचीं। युवक से पूछतांछ की तो वह बांग्लादेशी भाषा बोल रहा था। बातचीत में उसने अधिकारियों को कोई सही जानकारी नहीं दी। कोरोना संदिग्ध मानकर रिस्पांस टीम उसे थाने ले गई।
वह थाना परिसर में जगह-जगह थूकने लगा। इस पर उसे सीएचसी रसूलाबाद ले जाया गया। वहां भी वह थूंक कर लोगों को परेशान करने लगा। उसे जुकाम के साथ कोरोना से लक्षण मिलने पर क्वारंटीन के लिए बारा स्थित प्रभात इंजीनियरिंग कॉलेज में बने क्वारंटीन सेंटर भेजा गया।
यहां से बुधवार को वह भाग गया। इसकी जानकारी पर एसडीएम आनंद कुमार सिंह व सीओ संदीप कुमार आदि उसकी तलाश में पुलिस बल के साथ लगे रहे। एसडीएम ने बताया कि युवक की तलाश की जा रही है।