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77.5 प्रतिशत फ्रंट लाइन वर्करों ने कराया वैक्सीनेशन

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कोरोना टीकाकरण के बाद कार्ड दिखातीं आगंनबाडी कार्यकर्ता। - फोटो : AKBARPUR
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कानपुर देहात। जिले में नौ केंद्रों के 16 बूथ पर आशा व आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का वैक्सीनेशन कराया गया। कोरोना वैक्सीनेशन रफ्तार पकड़ने लगी है। शुक्रवार को जिले में 1735 के सापेक्ष 1344 लोगों को टीका लगाया गया। शुक्रवार को वैक्सीनेशन 77.5 प्रतिशत हुआ।
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जिले में वैक्सीनेशन तेजी पकडने लगा है। शुक्रवार को 1344 आशा व आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को कोरोना वैक्सीन का टीका लगाया गया। अकबरपुर सीएचसी में 167, जिला अस्पताल पुरुष में 79, पुखरायां में 178, शिवली में 147, देवीपुर में 96, सिकंदरा में 207, रसूलाबाद में 206, हवासपुर में 87, गजनेर में 177 को वैक्सीनेशन कराया गया। सभी केंद्रों पर पुलिस बल तैनात रहा। कहीं से भी वैक्सीनेशन के बाद किसी प्रकार की समस्या सामने नहीं आई। हालांकि जिला अस्पताल में फिर से नेटवर्क की समस्या हावी रही। वहां महज 53.07 प्रतिशत ही वैक्सीनेशन हो सका। जबकि हवासपुर सीएचसी में सबसे ज्यादा 164.02 प्रतिशत टीकाकरण हुआ।
गलत सूची होने पर नहीं हो सका वैक्सीनेशन
डेरापुर। शुक्रवार को सीएचसी डेरापुर में फ्रंटलाइन वर्करों के वैक्सीनेशन की सूची में अधिकांश नाम अन्य सीएचसी से संबंधित थे। सीएचसी प्रभारी ने वैक्सीनेशन कराने से इनकार कर दिया। उन्होंने सूची संशोधित कराने के बाद वैक्सीनेशन कराने की बात कही। साथ ही सीएमओ को भी अवगत कराया है।
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डेरापुर सीएचसी पर शुक्रवार को आशा बहू व आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को कोरोना वैक्सीन का टीका लगना था। वैक्सीनेशन के लिए भेजी गई 220 लाभार्थियों की सूची में 81 सीएचसी डेरापुर के और 139 किसी अन्य ब्लॉक के थे। सीएचसी प्रभारी डॉ. अशोक ने बताया कि ऐसे में वैक्सीनेशन कराया जाना उचित नहीं है। बताया कि गुरुवार को भी 235 लाभार्थियों की सूची भेजी गई थी। जिसमें 72 लाभार्थी झींझक सीएचसी के थे। इन सभी का वैक्सीनेशन भी हो चुका था। 163 के सापेक्ष 131 लाभार्थियों का वैक्सीनेशन किया गया था। गुरुवार को अस्पताल में 82 प्रतिशत वैक्सीनेशन हुआ। सीएमओ कार्यालय में 55 प्रतिशत ही दर्शाया गया। जिले में सबसे ज्यादा वैक्सीनेशन डेरापुर में हुआ था, लेकिन सूची गलत होने से गड़बड़ी हो गई। नोडल अफसर डॉ. महेंद्र जतारया ने बताया कि जिला कार्यक्रम अधिकारी के कार्यालय से सूची में गलतियां आई हैं। सही कराए जाने का प्रयास किया जा रहा है।
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