कानपुर देहात। जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से शुक्रवार को मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत 15 किलोमीटर लंबी पदयात्रा निकाली गई। जिलाध्यक्ष की अगुवाई में कांग्रेसी तिरंगा लेकर पैदल नारेबाजी करते निकले।
जिलाध्यक्ष अम्बरीश सिंह गौर की अगुवाई में पदयात्रा का शुभारंभ माती जिला कार्यालय से सुबह 11 बजे हुआ। माती से पदयात्रा अकबरपुर पहुंचीं। इसमें जिले के मनरेगा के पदयात्रा प्रभारी पूर्व विधायक सोहिल अहमद अंसारी मौजूद रहे। अकबरपुर में गांधी पार्क में महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। इसके बाद पदयात्रा तिगाईं होते हुए डेरापुर रवाना हुई। गांधी पार्क में जिलाध्यक्ष ने कहा कि मनरेगा बचाओ संग्राम 25 फरवरी तक निरंतर चलेगा।
13 फरवरी के पश्चात जिले के सभी कांग्रेस के कार्यकर्ता 17 फरवरी को विधान सभा घेराव लखनऊ के लिए कूच करेंगे। कहा कि मौजूदा केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा कानून को समाप्त कर 100 दिन के काम की गारंटी खत्म करने का काम किया गया है। अब केंद्र सरकार द्वारा चुने गए गांव में ही काम देने का नियम बनाया गया है। सहायक या मेट को बीच में रखकर काम देने का नियम, तथा राज्य सरकारों पर मजदूरी का 40 फीसदी हिस्सा देने का नियम है। इससे ग्रामीण इलाके के मजदूरों को बंधुवा मजदूर बना कर मनरेगा की आत्मा को समाप्त का काम किया है।
कांग्रेस पार्टी न्यूनतम मजदूरी 400 रुपये रोज करने, काम के अधिकार को संवैधानिक दर्जा बहाल करने, मनरेगा कानून की पुरानी गारंटीयों को बहाल करने आदि मांगों को लेकर पदयात्रा निकाल रही है। पदयात्रा प्रभारी पूर्व विधायक सोहिल अहमद अंसारी पदयात्रा की रिपोर्ट उत्तर प्रदेश के प्रभारी अविनाश पांडे को सौंपेंगे। पदयात्रा में प्रमुख रूप से वाजिद कुरैशी, मनोरमा संखवार, अनीस अहमद अल्वी, बसंत लाल, गोविंद यादव, जगदीश यादव आदि रहे।