रनियां (कानपुर देहात)। रनियां नगर में हाईवे सीमा के करीब बने मकान व दुकानों को बिना मुआवजा दिए ध्वस्त नहीं कराया जाएगा। शुक्रवार को राज्यमंत्री ने पूरे प्रकरण से मुख्यमंत्री को अवगत कराया। मुख्यमंत्री की ओर से बिना मुआवजा मकान-दुकान ध्वस्त नहीं कराने को आश्वासन मिलने की बात राज्यमंत्री ने कही है।
औद्योगिक क्षेत्र रनियां में मार्ग दुर्घटनाओं से बचाव के लिए एनएचएआई की ओर से एलीवेटेड ओवरब्रिज निर्माण का प्रस्ताव है। इधर जद में आने वाले 117 मकान व दुकानों के ध्वस्तीकरण के लिए मुनादी करा दी गई। इस पर लोगों ने अकबरपुर रनियां विधायक व राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला को पूरा प्रकरण बताया। लोगों ने कहा कि उनके पास 50 से 60 साल पुराने बैनामा है। अभिलेख में इसका अंकन भी है। मगर एनएचएआई जबरन 117 मकान व दुकान गिराने पर तुला है।
शुक्रवार को राज्यमंत्री ने लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की। रनियां में प्रस्तावित ओवर ब्रिज निर्माण व बिना मुआवजा एनएचएआई की ओर से मकान व दुकान गिराने के लिए मुनादी कराने का पत्र सौंपा। बताया कि कई दशकों से लोगाें के घर बने हैं। लोग व्यापार कर रहे है। अनुरोध किया कि बिना मुआवजा के भवन व दुकान गिराने पर लोग बेघर हो जाएंगे। मकान स्वामियों के पास वैध कागजात हैं। हाईवे किनारे 117 परिवारों का रोजी रोटी छीनीं जा रही है। मुख्यमंत्री से मुलाकात के बाद राज्यमंत्री ने सोशल मीडिया पर पत्र के साथ मुख्यमंत्री की ओर से बिना मुआवजा किसी का मकान-दुकान ध्वस्त न कराने का आश्वासन मिलने की बात साझा की गई।
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वर्जन.....
रनियां में बिना मुआवजा ध्वस्तीकरण न किए जाने से जनता को काफी राहत मिल जाएगी। मुख्यमंत्री ने समस्या को गंभीरता से सुना। बिना मुआवजा ध्वस्तीकरण नहीं करने देने का आश्वासन दिया है। - प्रतिभा शुक्ला, राज्यमंत्री
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बिना मुआवजा ध्वस्तीकरण मनमानी
हाइवे के दोनों ओर घनी आबादी है। एलिवेटेड ओवरब्रिज बनने से हादसे रुकेंगे। बिना मुआवजा दिए मकान व दुकान गिराने से लोग बेघर और बेरोजगार हो जाएंगे। - सोनू मिश्रा
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मुआवजा है हक
रनियां पड़ाव के पास हार्डवेयर की दुकान व आवास है। हक का मुआवजा मिलने पर दोबारा व्यापार शुरू कर लिया जाएगा। - रजत सिंह
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मनमानी न की जाए
60 से 70 वर्ष पहले बुजुर्गाें ने किसी तरह से निर्माण कराए। इसके कागजात भी हैं। अब हाईवे प्राधिकरण बिना मुआवजा बेदखली करना चाहता है। किसी भी तरह मनमानी न की जाए। - अभिषेक शर्मा
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मुख्यमंत्री के आश्वासन से राहत
मैथा मोड से पास खाद व बीज की दुकान है। एनएचएआई की ओर से मुआवजा न मिलने पर व्यापार ठप होने का खतरा था। अब मुख्यमंत्री का आश्वासन मिला है तो राहत है। - अंकित गुप्ता