ज्वैलरी पर एक फीसदी एक्साइज ड्यूटी लगाए जाने के विरोध में तीन दिवसीय सराफा बाजार बंदी की शुरुआत बुधवार को हो गई। शहर के सभी सराफा बाजार, सोने चांदी की फुटकर दुकानें बंद रहीं।
सर्राफ और स्वर्णकारों ने कामकाज ठप रखा। बीते दिनों पैन अनिवार्यता के विरोध में हुई बंदी और आंदोलन का विरोध करने वाले सराफा एसोसिएशन भी इस बार एकजुट रहे। इतना ही नहीं, सराफा कारोबारियों के कंधे से कंधा मिलाते हुए शहर के लगभग सभी व्यापार मंडलों ने बंदी का समर्थन किया और बिरहाना रोड पर एकत्रित होकर वित्त मंत्री अरुण जेटली के खिलाफ दो घंटे तक धरना दिया।
यूपी सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष महेश चंद्र जैन ने कहा कि एक्साइज ड्यूटी का भार किसी कीमत पर नहीं सहेंगे। सरकार ने इसे वापस नहीं लिया तो बंदी को और आगे बढ़ाया जा सकता है। तीन दिवसीय बंदी सिर्फ सांकेतिक विरोध है। सरकार ने उत्पीड़न बंद न किया तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। एसोसिएशन के मंत्री रामकिशोर मिश्रा ने संचालन किया।
साउथ में कारोबारियों ने निकाला जुलूस
एक्साइज ड्यूटी बढ़ाए जाने के विरोध में साउथ सिटी के सराफा कारोबारियों ने भी गोविंदनगर मार्केट से वाहन जुलूस निकाला।