कानपुर। केशवपुरम आवास विकास-1 स्थित सामाजिक संस्था चित्रांश महासभा का पंजीकरण सहायक रजिस्ट्रार फर्म्स, सोसाइटीज एवं चिट्स ने निरस्त कर दिया है। यह कार्रवाई पूर्व पदाधिकारियों की शिकायत के बाद जांच में अनियमितताओं के आधार पर की गई।
संस्था का पंजीकरण वर्ष 2018 में हुआ था और 17 मई 2023 से पांच वर्षों के लिए नवीनीकृत था। पूर्व ऑडिटर अजय श्रीवास्तव, संयुक्त मंत्री मनोज निगम और प्रकाशन मंत्री आरके श्रीवास्तव ने संस्था के संचालन में वित्तीय व प्रशासनिक अनियमितताओं की शिकायत की थी। जांच में सामने आया कि 34 सामाजिक उद्देश्यों के लिए गठित संस्था पूरे वर्ष में केवल दो कार्यक्रम होली मिलन और चित्रगुप्त पूजन ही आयोजित कर रही थी। संस्था की पत्रिका में 536 सदस्यों का उल्लेख होने के बावजूद सदस्यता रजिस्टर नहीं मिला। शिकायतकर्ताओं के अनुसार सदस्यता शुल्क व दान से प्रतिवर्ष तीन से चार लाख रुपये की आय होती थी लेकिन वित्तीय अभिलेखों में पारदर्शिता नहीं थी। शव वाहन खरीद के लिए 2,93,807 रुपये एकत्र किए गए जबकि 2,45,508 रुपये की ही रसीदें उपलब्ध मिलीं। सदस्यता रजिस्टर, कार्यवाही रजिस्टर, स्टॉक रजिस्टर, लेजर बुक और कैशबुक जैसे महत्वपूर्ण अभिलेख भी नहीं पाए गए। शिकायत को लेकर महामंत्री को नोटिस भेजकर जवाब तलब किया गया था लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया। इस आधार पर डिप्टी रजिस्ट्रार ने सोसाइटी का पंजीकरण निरस्त कर दिया।