साइकिल चलाते समय तालाब किनारे जल रहे कूड़े में गिरकर झुलसे बालक की नौवें दिन इलाज के दौरान मौत हो गई। शव घर आते ही मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। बालक मां-बाप का इकलौता बेटा था।
थाना क्षेत्र के गांव रोशनाबाद निवासी उपदेश का साढ़े चार साल का पुत्र अभिनव 19 जून को घर के बाहर साइकिल (बच्चों वाली) चला रहा था। घर से थोड़ी दूर तालाब है। वहां पर पड़े कूड़े में किसी ने आग लगा दी थी। साइकिल चलाता हुआ बालक वहां पहुंच गया और किसी तरह वह जलते हुए कूड़े में गिर पड़ा।
उसे गिरते हुए गांव के संजू गंगवार ने देख लिया। उन्होंने उसे जलते कूड़े से बाहर निकाला। आग की चपेट में आने से बच्चा और संजू के हाथ झुलस गए थे। परिवार के लोगों ने बच्चे को सीएचसी में भर्ती कराया। वहां से रेफर होने पर कानपुर और लखनऊ ले जाकर इलाज कराया।
लखनऊ से बच्चे को परिवार के लोग कानपुर एक नर्सिंग होम में लेकर आए। वहां इलाज के दौरान शुक्रवार सुबह अभिनव की मौत हो गई। बच्चा माता-पिता का इकलौता पुत्र था। शव आने पर मां रेनू और पिता उपदेश का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।