सोमवार को हमीरपुर कलेक्ट्रेट परिसर में चंदूपुर और आसपास के दर्जनों गांवों से पहुंचे स्कूली बच्चों की यही मासूम और आक्रोशित आवाज गूंजती रही। बारिश के दिनों में दलदल में तब्दील होने वाली कच्ची सड़क से तंग आकर स्कूली बच्चों और ग्रामीणों ने कलेक्ट्रेट में लगातार 5 घंटे तक जोरदार प्रदर्शन किया।
डीएम से मिलने की मांग पर अड़े रहे बच्चे
पुलिस और पीएसी ने बच्चों को जिलाधिकारी कार्यालय की ओर जाने से रोककर गोल चबूतरा पर प्रदर्शन करने को कहा। इसके बाद बच्चों ने वहीं धरना शुरू कर दिया। अधिकारियों ने पांच बच्चों के प्रतिनिधिमंडल को जिलाधिकारी से मिलाने की बात कही। पांच छात्राएं मिलने पहुंचीं, लेकिन जिलाधिकारी से मुलाकात नहीं हो सकी। इससे नाराज बच्चे पुलिस का घेरा तोड़कर डीएम कार्यालय के सामने पहुंच गए।
पिछले महीने भी किया था प्रदर्शन
पक्की सड़क की मांग को लेकर ग्रामीण और बच्चे पहले भी कई बार अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों से गुहार लगा चुके हैं। बीते महीने भी स्कूली बच्चों ने कलक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया था। उस समय सड़क पर मिट्टी डलवाकर समस्या के अस्थायी समाधान का प्रयास किया गया था, लेकिन इसके बाद निर्माण कार्य आगे नहीं बढ़ा।
‘साहब, हमसे मिलने में क्या डर है’
प्रदर्शन कर रही छात्रा कल्पना निषाद ने कहा कि वह सड़क की समस्या बताने के लिए आई हैं। बरसात में सड़क पर कीचड़ हो जाता है और बच्चों का स्कूल जाना मुश्किल हो जाता है। उसने कहा कि बच्चों की उम्र प्रदर्शन करने की नहीं, पढ़ने की है। सड़क बन जाएगी तो बच्चों की पढ़ाई प्रभावित नहीं होगी।
सड़क की वजह से छूटी पढ़ाई
गंगवा डेरा निवासी कोमल ने बताया कि वह कक्षा नौ तक पढ़ पाई। बारिश में सड़क खराब होने के कारण स्कूल जाना मुश्किल होता था। स्कूल पहुंचने में देरी होती और पढ़ाई छूटती गई। इसी वजह से उसने पढ़ाई छोड़ दी। अब वह चाहती हैं कि दूसरे बच्चों की पढ़ाई सड़क की वजह से न छूटे।
वन विभाग से एनओसी के बाद 1.81 करोड़ की कार्ययोजना
प्रशासन के अनुसार मनकी मार्ग में वन विभाग की जमीन पर सड़क निर्माण के लिए एनओसी मिल चुकी है। इसके बाद लोक निर्माण विभाग ने करीब 1600 मीटर सड़क के निर्माण के लिए 1.81 करोड़ रुपये की कार्ययोजना तैयार कर शासन को भेजी है। शासन से स्वीकृति मिलने के बाद टेंडर प्रक्रिया शुरू होगी।