फर्जी दस्तावेज तैयार कर आधार कार्ड बनाने के फर्जीवाड़े में पकड़े गए आरोपी शैलेंद्र साहू ने बड़ा खुलासा किया है। रोहिंग्याओं के भी फर्जी प्रमाण पत्र बनाकर आधार कार्ड बनाए जाने का खुलासा किया तो पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। अब पुलिस के लिए यह पता करना चुनौती है कि आधार कार्ड वाले कितने रोहिंग्या हैं, इस समय कहां हैं और क्या कर रहे हैं? आरोपी के पास इनके संबंध में कोई ब्योरा उपलब्ध नहीं है।
ऐसे में पुलिस अफसर भी परेशान हैं। आरोपियों ने एक-एक शख्स के नाम पर कई-कई आधार कार्ड भी बनाए। इनमें पते अलग-अलग दिखाए गए। एसपी पूर्वी राजकुमार अग्रवाल के मुताबिक आरोपी शैलेंद्र साहू ने बताया कि वह सुनील के साथ मिलकर एक साल से यह फर्जीवाड़ा कर रहा है। दो सौ रुपये से लेकर हजार रुपये तक एक-एक आधार कार्ड के वसूलते थे। अब तक हजार से अधिक आधार कार्ड बना चुके हैं। वहीं जन्म, निवास प्रमाण पत्रों की संख्या इतनी अधिक है कि वो बता नहीं पाया।