फरार आरोपियों को गिरफ्तार करना प्राथमिकता
एडिशनल पुलिस कमिश्नर ने बताया कि मामले में फरार आरोपियों को गिरफ्तार करके जेल भेजना प्राथमिकता है। एसीपी कोतवाली और चकेरी की अगुवाई में आठ थानों की फोर्स फरार आरोपियों के संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। फरार आरोपियों की मोबाइल लोकेशन भी देखी जा रही है। इसके लिए सर्विलांस टीम को भी लगाया गया है।
अंदर खाने से संपत्ति की जांच भी शुरू
आरोपी अवनीश दीक्षित व अन्य आरोपियों की घेराबंदी भी पुलिस ने शुरू कर दी है। अंदरखाने से पुलिस ने अवनीश व अन्य आरोपियों की आय के स्रोत और संपत्तियों की जांच शुरू कर दी है। एक पुलिस अफसर का कहना है कि मामला बड़ा है, जरूरत हुई तो आयकर या ईडी को आरोपियों की अचल संपत्ति की जांच के लिए पत्र लिखा जाएगा।
अवनीश पर दर्ज पुराने सात मामलों की स्थिति खंगाल रही पुलिस
अवनीश दीक्षित के खिलाफ अब तक दर्ज सात मामलों की सूची भी पुलिस ने निकाल ली है। वर्ष 2017 में कर्नलगंज थाने में दर्ज धोखाधड़ी, कूटरचित दस्तावेज तैयार कर प्रयोग करने समेत कई धाराओं, इसी साल काकादेव थाने में हत्या का प्रयास, धोखाधड़ी समेत अन्य गंभीर धाराओं, बाबूपुरवा में छेड़छाड़, गालीगलौज, धमकी, हिंसा और संपत्ति क्षति का निवारण, धोखाधड़ी, धमकी, बलवा, चकेरी में मारपीट, गालीगलौज व धमकी, कोतवाली में मारपीट, गालीगलौज व धमकी की धारा में दर्ज मामले की विवेचना की स्थिति के बारे में पुलिस अफसर जानकारी करने में जुट गए हैं।