यूपी के कन्नौज में दहेज उत्पीड़न से परेशान बसपा के कानपुर मंडल जोन इंचार्ज अमित जाटव की बहन प्रियंका ने बुधवार को मायके में जहर खाकर जान दे दी। इसी साल 25 मई को उसकी शादी हुई थी और आठ अक्तूबर को मायके आ गई थी। अमित ने पति, सास और जेठ पर आत्महत्या के लिए प्रेरित का गुरसहागंज कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया है।
बसपा नेता अमित जाटव गांव इस्माइलपुर के निवासी हैं। बहन प्रियंका की शादी फर्रुखाबाद जिले के शमसाबाद थाना क्षेत्र के मीरा दरवाजा निवासी अमित कुमार के साथ की थी। आरोप है कि शादी के बाद दो लाख रुपये और जेवर की मांग को लेकर पति, सास मुन्नी देवी व जेठ विनोद कुमार प्रियंका को परेशान करने लगे थे। कई बार समझाया लेकिन नहीं माने। आठ अक्तूबर को बहनोई ने फोन कर कहा कि प्रियंका को ले जाओ और जब तक दहेज की मांग पूरी नहीं हो जाती, ससुराल मत भेजना।
आठ अक्तूबर को वह प्रियंका को घर ले आए, इसके बाद बहनोई फोन पर दहेज की मांग करने के साथ जान से मारने की धमकी देता था। इससे प्रियंका परेशान रहती थी। मंगलवार रात उसने पति से फोन पर बातचीत के बाद जहर खा लिया। हालत बिगड़ने पर चिकित्सक के पास ले गए, जहां उसकी मौत हो गई। सूचना पर नायब तहसीलदार और सराय प्रयाग चौकी प्रभारी राम प्रकाश ने जांच पड़ताल कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। कोतवाल आरबी सिंह ने बताया कि आत्महत्या के लिए उकसाने की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी। पोस्टमार्टम में जहर से मौत होने की पुष्टि हुई है।