फतेहपुर जिले में बहन के घर से दोस्त के साथ गांव लौट रहा बीएससी का छात्र शनिवार रात अचानक लापता हो गया। मामले में हत्या कर शव को गायब किए जाने की आशंका जताई जा रही है। खागा और खखरेरू थाने की पुलिस तीन लोगों को हिरासत में लेकर मामले की जांच में जुटी है।
खखरेरू थाना क्षेत्र के जयरामपुर गुरगौला गांव निवासी स्वर्गीय रामराज सोनकर का बेटा नीलेश सोनकर (19) प्रयागराज में बीएससी प्रथम वर्ष का छात्र है। छात्र गांव के मोहित पुत्र बुद्दा रैदास को लेकर बहन के घर गुरुपूर्णिमा का सामान देने थरियांव थाना क्षेत्र के बहरामपुर गांव आया था।
दोनों शाम को वापस गांव जा रहे थे। करीब रात साढ़े 12 बजे नीलेश घर उसकी बाइक लेकर मोहित, खागा के नंदापुर निवासी जुगराज का बेटा नीरज और नीरज का मौसेरा भाई रंजीत निवासी चमराई थाना मानिकपुर जिला प्रतापगढ़ पहुंचे।
परिजनों ने उनसे नीलेश के बारे में पूछा। सही जवाब न मिलने पर परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची। तीनों को खखरेरू थाने ले गई। पुलिस ने की पूछताछ में मोहित ने बताया कि खागा कोतवाली के नंदापुर के पास बाइक फिसल गई थी।
गिरने से नीलेश के कपड़े गंदे हुए थे तभी नीरज और रंजीत पहुंचे। इनसे वह लोग पुराने परिचित नहीं थे। नीरज ने नीलेश को कपड़े घर से बदलाने की बात कही। दोनों नीरज के घर पहुंचे।
नीलेश ने गंदे कपड़े, जूते उतारकर नीरज की लोअर टीशर्ट, चप्पल पहनी। उसके बाद खाना पानी किया। करीब रात साढ़े नौ बजे नीरज और मोहित हरदों पंप में नीलेश की बाइक में दो सौ रुपये का पेट्रोल डलवाया। उसके बाद वापस नंदापुर पहुंचे। नंदापुर में नीरज के मोबाइल से नीलेश ने किसी से बातचीत की।
संदिग्ध मोहित, नीरज के मुताबिक कुछ देर बाद लाल रंग की बाइक से एक युवक पहुंचा। उसी बाइक में बैठकर नीलेश चला गया था। काफी देर तक नहीं लौटा तो उसकी बाइक लेकर गांव आ गए। पुलिस ने नीरज के घर से कपड़े और जूते नीलेश के बरामद किए। उसके बाद पेट्रोल पंप जांच करने पहुंची।
संदिग्धों से पूछताछ की जा रही है। परिजनों ने नीरज और रंजीत पर अपहरण के बाद नीलेश की हत्या किए जाने की आशंका जताई है। खखरेरू थानेदार एनके नागर ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। परिजनों की तहरीर के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
इन बिंदुओं पर है पुलिस को शक
- अचानक रास्ते में मिलने वाले अजनबी के घर कोई कैसे पहुंच सकता है। यह बात पर पुलिस के गले नहीं उतर रही है। उसके बाद नीलेश का गायब होना संदिध मालूम हो रहा है।
- मोहित ने पुलिस को बताया कि वह नीलेश के साथ उसकी बहन के घर से करीब साढ़े तीन बजे निकले थे। पुलिस ने बहनोई से बात की तो पता लगा कि शाम साढ़े पांच बजे करीब निकले थे।
- हरदों पंप में दो बार पहुंचे पेट्रोल डलवाने। पहले पचास रुपये का शाम करीब साढ़े बजे के आसपास बाइक में पचास रुपये का नीलेश ने पेट्रोल डलवाया था। उसके बाद रात करीब साढ़े नौ बजे दो सौ रुपये का पेट्रोल डलवाने नीरज और मोहित पहुंचे। यह लोग इन तीन घंटे में कहां रहे। दूसरी बार पेट्रोल डलवाने के करीब तीन घंटे बाद गांव पहुंचे, जबकि एक से डेढ़ घंटे में ही गांव की दूरी तय की जा सकती है।
- पुलिस को नीरज ने बताया कि नीलेश ने उसके मोबाइल से फोन कर किसी को बुलाया था। उसके मोबाइल की पुलिस ने जांच की तो स्क्रीन टूटी हुई है। फोन में नंबर कैसे डायल हुआ होगा। पुलिस नंबर का सीडीआर खंगाल रही है।