हमीरपुर के राठ में खेत से चने की फसल काटने के बाद, घर आए किशोर ने बंद कमरे में तमंचा से खुद को गोली मार ली। गोली उसकी आंख से होकर सिर में जा घुसी, इससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है। बेटे की मौत से घर में कोहराम मचा है।
कोतवाली के जखेड़ी गांव निवासी छत्रपाल अहिरवार ने बताया कि उसके पास करीब 6 बीघा जमीन है। वह खेतीबाड़ी कर परिवार का भरण पोषण करता है। बताया कि उसके पुत्र आशीष (16) व अंकित और बेटी पूजा हैं। बड़ा पुत्र आशीष तीन दिन से खेत में चने की फसल कटाई कर रहा था।
कमरे से फायर की आवाज सुन घर में मच गया कोहराम
रविवार सुबह करीब सात बजे वह खेत से घर आया। आठ बजे खाना खाकर घर के बाहर लगे हैंडपंप पर नहाने चला गया। कुछ देर बाद उसने कमरे से फायर की आवाज सुनी तो पुत्री पूजा को देखने के लिए भेजा। पूजा ने कमरे का दरवाजा खोलने का प्रयास किया तो नहीं खुला। पड़ोसी भी जमा हो गए।
तब कमरे के ऊपर लगी जाली को तोड़कर छत्रपाल नीचे कमरे में गया तो आशीष लहूलुहान पड़ा था। उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया था। बताया कि उसके पुत्र ने इसी साल दसवीं की परीक्षा दी थी। पुत्र की मौत पर मां और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
कहीं प्यार में तो नहीं पड़ गया था अशीष
कोतवाल मनोज कुमार ने बताया कि चने की फसल काटने में लापरवाही करने पर पिता ने उसे डांट दिया था, इससे नाराज उसने आत्मघाती कदम उठा लिया, हालांकि पिता ने डांट की बात से इनकार किया है। जखेड़ी में आशीष की मौत पर तरह-तरह की चर्चाएं हो रहीं हैं।
कुछ लोगों का कहना है कि आशीष घर में रखे 315 बोर के तमंचा से कुछ करते समय अचानक गोली चली और बाईं आंख में जा धंसी। कुछ प्रेम प्रसंग के चलते आत्महत्या करने की बातें कर रहे हैं। वहीं, पिता का कहना है कि उसके घर में तमंचा नहीं था, पुत्र इसे कहां से लाया, उसने आत्महत्या क्यों की, इसकी उन्हें जानकारी नहीं है।