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जालौन: तिहरे हत्याकांड के दोषी भगवान सिंह बर्खास्त, पिछले वर्ष कोर्ट ने सुनाई थी सजा, ये है पूरा मामला

Sat, 19 Dec 2020 10:26 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जालौन
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भगवान सिंह (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला
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जालौन जिले के कोंच कोतवाली में 16 वर्ष पूर्व हुए तिहरे हत्याकांड में दोषी सीओ भगवान सिंह को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बर्खास्त कर दिया है। जिला पुलिस के पास अभी तक शासन के आदेश की लिखित सूचना नहीं आई है। एक फरवरी 2004 को कोंच कोतवाली में पुलिस की फायरिंग में सपा नेता सुरेंद्र निरंजन, रोडवेज कर्मचारी यूनियन के नेता उनके भाई महेंद्र और मित्र दयाशंकर झा निवासी गांधी नगर की मौत हो गई थी और चार लोग घायल हुए थे।
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उस समय भगवान सिंह कोंच कोतवाली में दरोगा थे। सुरेंद्र के बहनोई जबर सिंह निरंजन निवासी धनौरा ने दरोगा भगवान सिंह समेत नौ पुलिसकर्मियों पर हत्या, जानलेवा हमला, बलवा व आगजनी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मुकदमे की सुनवाई के दौरान दो आरोपियों की मौत हो गई थी।

पिछले वर्ष 7 नवंबर को अपर जिला जज प्रथम अमित पाल सिंह ने साक्ष्यों के आधार पर आरोपी भगवान सिंह, पुलिस कर्मी लालमणि गौतम, राकेश बाबू कटियार, अखिलेश यादव, रामनरेश त्यागी व सत्यवीर सिंह व एक अन्य को दोषी करार दिया। 8 नवंबर सभी को उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी।
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फैसले के समय भगवान सिंह कानपुर नगर में पुलिस उपाधीक्षक (सीओ) थे। अगले दिन उन्हें निलंबित कर दिया गया था। अब शासन ने सेवा से बर्खास्त कर दिया है। अपर पुलिस अधीक्षक डॉ अवधेश सिंह का कहना है कि फिलहाल उनके पास ऐसी कोई जानकारी नहीं है।
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ये था मामला 
अभियोजन पक्ष की पैरवी करने वाले जिला शासकीय अधिवक्ता लखनलाल निरंजन व बृजराज राजपूत ने बताया कि 31 जनवरी 2004 को कोंच के जवाहर नगर मोहल्ले में दो पक्षों में विवाद हुआ था। उस समय प्रदेश में सपा की सरकार थी और सुरेंद्र निरंजन सपा के प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य थे।

मोहल्ले के लोग पैरवी के लिए सुरेंद्र के रिश्तेदार गल्ला व्यापारी शिव कुमार को कोतवाली ले गए थे। वहां तत्कालीन कोतवाल देवदत्त सिंह राठौर ने उनहें लाकअप में बंद करा दिया। 1 फरवरी सुरेंद्र भाई महेंद्र और समर्थकों के साथ कोतवाली पहुंचे। शिवकुमार को छुड़ाने को लेकर उनकी कोतवाल से कहासुनी हो गई। सुरेंद्र का कोतवाल पर हाथ उठ गया। इसके बाद पुलिस की ओर से फायरिंग कर दी गई, जिसमें तीन लोगों की मौत हो गई थी। 

परिजन बोले, सरकार का सही फैसला
निलंबित चल रहे सजायाफ्ता सीओ भगवान सिंह को सेवा से बर्खास्त करने के फैसले पर मृतकों के परिजनों ने खुशी जताई है। उनका कहना है कि ऐसे लोगों को नौकरी में रहने का अधिकार नहीं है। पहले कोर्ट से न्याय मिला अब सीएम ने सही फैसला लिया है। 

दयाशंकर झा के बेटेे ऋषि झा ने कहा कि बर्खास्तगी के फैसले से ऐसे पुलिसकर्मियों को सबक मिलेगा जो यह सोचते हैं कि वर्दी की आड़ वह कुछ भी कर सकते हैं। महेंद्र के बेटेे अंकित ने कहा कि जो खोया है उसकी भरपाई तो नहीं हो सकती लेकिन सरकार के फैसले से संतोष जरूर मिला है। 
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