पुलिस की वर्दी पहनकर आए थे डकैत
बेहमई गांव जाने में डकैतों को डर था कि कोई उन्हें पहचान न लें। इस वजह से वह पुलिस की वर्दी पहनकर गांव पहुंचे थे। जब वह गांव पहुंचे तो गांव ने उन्हें पहचान लिया था।
बेहमई में बेरहमी: 14 फरवरी को हुआ कांड, इसी तारीख को आया फैसला, फूलन देवी ने 20 लोगों को मारी थी गोली
इनकी हुई थी हत्या
बेहमई नरसंहार कांड में तुलसीराम, राजेंद्र सिंह, सुरेंद्र सिंह, जगन्नाथ सिंह, वीरेंद्र सिंह, रामाधार सिंह, शिवराम सिंह, रामचंद्र सिंह, शिवबालक, बनवारी सिंह पुत्र महाराज सिंह, लाल सिंह, नरेश सिंह, दशरथ सिंह, वनवारी सिंह पुत्र लाखन सिंह, हिम्मत सिंह, हुकुम सिंह, हरिओम सिंह, राम अवतार सिंह निवासी बेहमई, तुलसीराम निवासी राजपुर तथा नजीर खां निवासी सिकंदरा की बर्बरतापूर्वक हत्या कर दी गई थी।