कानपुर जनसभा के दौरान राहुल गांधी के साथ मंच पर अखिलेश यादव
पहले मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और फिर कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी के देरी से आने कारण जनसभा करीब चार घंटों की देरी से शुरू हो सकी। अखिलेश शहर आने के बाद निजी समारोह में भाग लेने कल्याणपुर चले गए। वह करीब पौने तीन बजे जनसभा स्थल पहुंचे। इस दौरान राहुल सहारनपुर की रैली में व्यस्त थे। वह करीब चार बजकर 12 मिनट पर जनसभा स्थल पहुंच सके। इस दौरान अखिलेश मंच के पीछे बने पंडाल में राहुल का इंतजार करते रहे। दोनों नेताओं की जनसभा में देरी होने से बड़ी संख्या में लोग वापस भी लौट गए। राहुल ने भाषण शुरू करने से पहले देरी से आने के लिए माफी भी मांगी।
कानपुर में जनसभा के लिए कार से जाते हुए अखिलेश यादव
स्थानीय नेताओं ने जनसभा की शुरुआत का समय सुबह करीब 11 बजे का दिया था। इसी लिहाज से सपा-कांग्रेस के समर्थक जनसभा स्थल पर पहुंचने लगे। दोपहर एक बजे तक पांचों विधानसभा से प्रत्याशियों के समर्थक मैदान में जुट गए। मुख्य मंच की बायीं ओर बने छोटे मंच से स्थानीय नेताओं ने संबोधन शुरू कर दिया। ढाई बजे तक इसी मंच से भाषणबाजी का सिलसिला चला। मुख्यमंत्री के आने से ठीक पहले मुख्य मंच पर सपा और कांग्रेस प्रत्याशी पहुंचे। मंच का संचालन सपा नगर अध्यक्ष फजल महमूद और अध्यक्षता कांग्रेस शहर अध्यक्ष हरप्रकाश अग्निहोत्री ने किया।
कई कांग्रेसी राहुल से दिखे नाराज
जनसभा के दौरान बोलते हुए राहुल गांधी
कांग्रेसियों ने रुकवाई राहुल की कार
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य कमल जायसवाल ने जनसभा समाप्त होने के बाद वापस लौट रहे राहुल की गाड़ी रुकवा ली। जायसवाल ने महानगर अध्यक्ष हरप्रकाश अग्निहोत्री समेत पार्टी के लिए मेहनत करने वाले कार्यकर्ताओं को टिकट न दिए जाने का शिकायत की। इस पर राहुल ने चुनाव बाद महानगर अध्यक्ष को दिल्ली आने के लिए कहा।
कई कांग्रेसी राहुल से दिखे नाराज
जनसभा समाप्त होने के बाद रवानगी के समय मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने वहां मौजूद सभी कांग्रेसी और सपाई कार्यकर्ताओं से हाथ मिलाया और कुछ देर बातचीत भी की। दूसरी ओर राहुल गांधी मंच से उतरकर सीधे गाड़ी में बैठकर निकल गए। इस महिलाओं समेत कई कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने अखिलेश से राहुल की तुलना करते हुए पार्टी पदाधिकारियों से इस व्यवहार पर नाराजगी व्यक्त की।