अधिवक्ता की फाइल फोटो व सुसाइड नोट
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यूपी के महोबा जिले में ब्लॉक प्रमुख कबरई छत्रपाल यादव व उसके साथियों द्वारा बेटे से 60 लाख रुपये वसूले जाने और रिपोर्ट दर्ज कराने पर झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दिए जाने से परेशान अधिवक्ता मुकेश पाठक (50) ने अपनी लाइसेंसी रायफल से गोली मारकर आत्महत्या कर ली।
सूचना पर पहुंचे एसपी व अपर एसपी ने घटनास्थल की जांच की। पुलिस ने मौके से लाइसेंसी रायफल व एक सुसाइड नोट बरामद किया है। मृतक ने सुसाइड नोट में कबरई ब्लॉक प्रमुख द्वारा झूठे मुकदमे में फंसाने और जान से मारने की साजिश रचने के चलते आत्महत्या का कदम उठाए जाने की बात लिखी है।
पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। गौरतलब है कि 7 दिन पहले अधिवक्ता ने ब्लॉक प्रमुख कबरई समेत पांच लोगों के खिलाफ शहर कोतवाली में 60 लाख रुपये वसूले जाने का मुकदमा दर्ज कराया था। घटना के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।