पुलिस टीम को 25 हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा
परवेज से पूछताछ के बाद पुलिस ने आरोपी के साथी घाटमपुर के मोहल्ला रोखवाड़ा निवासी समीउल्ला खान उर्फ बब्लू को दबोच लिया। समीउल्ला कारों को चुराने के बाद उन्हें स्क्रैप में बेचने या फर्जी कागजात तैयार कर दूसरे जिलों में बेचता था। डीसीपी पूर्वी ने बताया कि आरोपियों के पास चोरी की चार कारों के अलावा एक स्कूटी, काफी संख्या में चार पहिया वाहनों की चाभी, नंबर प्लेट, गाड़ी का लॉक तोड़ने के उपकरण, 46 चिप, रिमोट, फास्ट टैग, तीन मोबाइल फोन के अलावा 29,811 रुपये की नकदी मिली है। वहीं, डीसीपी ने गुडवर्क करने वाली पुलिस टीम को 25 हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की है।
सिपाही था, बताता था क्राइम ब्रांच का इंस्पेक्टर
बर्खास्त सिपाही परवेज नौबस्ता के यशोदानगर में जिस मकान में किराये पर रहता था। उसके आसपास के लोगों को वह क्राइम ब्रांच का इंस्पेक्टर बताता था। पुलिस की वर्दी और आईकार्ड की वजह से लोग उसकी बात पर यकीन कर लेते थे। डीसीपी ने बताया कि सिपाही का पूरा प्रोफाइल पता करने के लिए झांसी क्राइम ब्रांच से संपर्क किया जा रहा है। जानकारी के अनुसार आगे कार्रवाई की जाएगी।
दिन में सोता था, रात को करता था चोरी
डीसीपी ने बताया कि परवेज वारदात के लिए रेकी कर वाहन चिन्हित करता था। वह दिन में सोता था और फिर रात में अकेले ही निकल कर वारदात को अंजाम देता था। मास्क या कैप लगाता था ताकि उसकी पहचान छिपी रहे।
ऐसे चुराता था वाहन
आरोपी बर्खास्त सिपाही परवेज ने बताया कि वह गाड़ी का लॉक तोड़कर उसके साफ्टवेयर को प्रोग्राम कर चिप व चाभी स्कैनर की मदद से गाड़ी स्टार्ट कर चुरा ले जाता था। इसके बाद गाड़ी की नंबर प्लेट बदलकर ठिकाने पर खड़ी कर देता था। कुछ समय बाद ग्राहक या कबाड़ी को बेच देता था।