अमर उजाला ब्यूरो
सफीपुर। कोतवाली क्षेत्र के गांव कुशालखेड़ा मजरा सरांय अख्तियारपुर में युवक को डायरिया होने पर परिजनों ने उसे गांव के ही झोलाछाप के यहां भर्ती कराया। झोलाछाप डॉक्टर ने युवक को दो ग्लूकोज की बोतल चढ़ा दी। बोतल चढ़ने के बाद युवक की हालत बिगड़ गई। उसके दोनों पैरों में छाले निकलने के साथ ही शरीर में अन्य जगहों पर छाले निकल आए। युवक की हालत बिगड़ती देख झोलाछाप ने उसे सीएचसी ले जाने की बात कहकर चलता कर दिया। परिजन उसे सीएचसी लाए। यहां उसकी हालत गंभीर बनी है।
सरांय अख्तियारपुर निवासी शिवलाल का पुत्र धीरज (19) को बुधवार को पेट में दर्द होने पर परिजन उसे गांव के ही एक झोलाछाप के यहां लेकर पहुंचे। इलाज के रहे डाक्टर ने पीड़ित धीरज को लगातार दो ग्लूकोज की बोतलें उसमें इंजेक्शन डालकर चढ़ा दी। ग्लूकोज चढ़ने के बाद मरीज के दोनों पैरों में छाले पड़ने के साथ ही शरीर में छाले अआए। इससे मरीज धीरज की हालत बिगड़ने लगी। धीरज की हालत बिगड़ती देख डॉक्टर के हाथ पैर फूल गए। उसने मरीज को सीएचसी ले
जाने की बात कहते हुए उसे चलता कर दिया। परिजन मरीज को लेकर सीएचसी आए। यहां उसकी हालत गंभीर बनी है।
झोलाछाप के इलाज से बिगड़ी हालत
परिजनों ने सीएचसी में कराया भर्ती, झोलाछाप के खिलाफ कार्रवाई की मांग