सीएसजेएम यूनिवर्सिटी में शनिवार को हुई एडमीशन कमेटी की बैठक में बीपीएड सत्र 2014-15 में सीधे प्रवेश लेने वाले 19 कालेजों के 8500 स्टूडेंटों को राहत दी गई है
पर, इन सभी कालेजों को 29 फरवरी तक यह शपथ पत्र देने के निर्देश दिए गए हैं वे भविष्य में कभी भी इस तरह सीधे छात्रों के प्रवेश नहीं करेंगे। सभी प्रवेश नेशनल काउंसिल फार टीचर एजूकेशन (एनसीटीई) के मानकों के अनुसार ही लिए जाएं। तय हुआ है कि मामले में एक कमेटी गठित की जाएगी, यह कमेटी इन छात्रों की परीक्षा कराने का शेड्यूल तय करेगी।
कुलपति प्रोफेसर जेवी वैशम्पायन की अध्यक्षता में हुई इस बैठक के विषय में रजिस्टार सैय्यद वकार ने बताया कि बीपीएड सत्र 2014-15 में भारी संख्या में स्टूडेंटों का सीधे एडमिशन ले लिया गया था। इसकी जानकारी मिलने के बाद यूनिवर्सिटी प्रशासन ने इन स्टूडेंटों के एग्जाम पर रोक लगा दी थी।
एग्जाम न होने के कारण स्टूडेंटों ने कई बार धरना और प्रदर्शन किया। स्टूडेंटों के हित में यूनिवर्सिटी प्रशासन ने मामले को एडमिशन कमेटी में ले जाने का निर्णय लिया था। उन्होंने कहा कि कालेजों को 29 फरवरी तक शपथ पत्र यूनिवर्सिटी में जमा करने के निर्देश हैं।
परीक्षा समिति की बैठक कल
कानपुर। सीएसजेएम यूनिवर्सिटी में परीक्षा समिति की बैठक 8 फरवरी को होगी। इसमें 5 मार्च से शुरू हो रही यूनिवर्सिटी की परीक्षाओं, नोडल सेंटर, उड़नदस्ते और परीक्षा संचालित कराने का प्रारूप तय किया जाएगा।