झींझक। मंगलपुर गांव में एक माह के अंदर 24 लोगों की मौत होने का मुद्दा उठाए जाने के बाद सोमवार को टीकाकरण कैंप लगाया गया। इस दौरान 80 लोगों का वैक्सीनेशन किया गया। हालांकि अभी तक गांव में काफी लोगों को वैक्सीन लगाया जाना बाकी है।
झींझक ब्लॉक के मंगलपुर गांव में बुखार जैसे लक्षणों की चपेट मेें आकर एक माह के अंदर 24 लोगों की मौत हो चुकी है। निगरानी समिति की निष्क्रियता के चलते हो रही मौतों की जानकारी उच्चाधिकारियों को भी नहीं मिल सकी। 23 मई को अमर उजाला ने लगातार हो रही मौतों का मुद्दा उठाया था। जिसके बाद जिम्मेदार अफसर नींद से जागे। सोमवार को गांव में स्वास्थ्य विभाग की टीम पहुंची और वैक्सीनेशन के लिए प्राइमरी स्कूल में कैंप लगाया।
गांव की करीब पांच हजार आबादी के सापेक्ष वैक्सीनेशन के लिए 45 से अधिक आयु वाले करीब 1500 लोग चिह्नित किए गए। इनमें से 80 लोगों को एएनएम रूबी ने मौके पर ही वैक्सीन लगाई। पूर्व मेें करीब सात सौ लोगों का वैक्सीनेशन हो चुका है। निगरानी समिति व जनसेवा केंद्र के लोगों ने घर-घर जाकर ग्रामीणों को मास्क वितरित किए और टीकाकरण के लिए प्रेरित किया।
हालांकि इस दौरान लोगों की कोविड जांच नहीं की गई। झींझक सीएचसी अधीक्षक डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि सोमवार को गांव में 80 लोगों का वैक्सीनेशन कराया गया है। पूर्व में गांव में जांच हो चुकी है। किसी ने कोई मौत की सूचना नहीं दी है। सूचना मिलने पर स्वास्थ्य टीम को गांव भेजकर जांच कराई जाएगी। फिलहाल कोरोना जांच सीएचसी में की जा रही है।