कानपुर देहात। लखनऊ में पुलिस की गोली का शिकार हुए एपल कंपनी के एरिया मैनेजर का मामला अभी लोग भूले नहीं थे कि गुरुवार को जिले में पामा चौकी इंचार्ज और अधिवक्ता की बातचीत का ऑडियो वायरल होने पर हड़कंप मच गया। वर्दी के नशे में चूर दरोगा ने अधिवक्ता के सीने में 14 गोली उतारने की धमकी दी। इसके बाद उसके मुवक्किल को 5 किलोग्राम चरस में जेल भेजने की बात कही।
सिविल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष जितेंद्र प्रताप सिंह चौहान ने बताया कि मुवक्किल सरवनखेड़ा निवासी नीरज शुक्ल के सम्मन तामील के बाबत गजनेर थाना के पामा चौकी इंचार्ज अनिल कुमार भदौरिया को बीते बुधवार की शाम फोन किया। बातचीत के दौरान चौकी इंचार्ज आवेश में आ गए। उन्होंने पहले तो अधिवक्ता के मुवक्किल को सरवनखेड़ा स्थित अपने घर आने पर पांच किलोग्राम चरस में जेल भेजने की बात कही। इस पर अधिवक्ता ने उनसे पांच किलोग्राम चरस कहां से लाने का सवाल किया तो वह और भड़क गए।
उन्होंने अधिवक्ता पर भी चरस बेचने का आरोप लगाया। साथ ही खुद को फतेहगढ़ में तैनाती के दौरान चर्चित दरोगा होने की बात कही। इस बीच हो रही बातचीत के दौरान दरोगा का गुस्सा और बढ़ गया, उसने अधिवक्ता को गाली देने के साथ रिकार्डिंग उच्चाधिकारियों को सुनाने की खुली चुनौती दी, साथ ही सरवनखेड़ा में दिखाई पड़ने पर सीने में पिस्टल से 14 गोली उतारने की धमकी दी। अधिवक्ता दहशत में आ गए। गुरुवार को इसका ऑडियो वायरल हो गया। मामला उच्चाधिकारियों के संज्ञान में आया लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। चौकी इंचार्ज अनिल कुमार भदौरिया ने कहा कि सम्मन तामील होने के बाबत अधिवक्ता का फोन आया था यदि कोई धमकी देगा तो वह चुप थोड़े रहेंगे।
वहीं आईजी आलोक सिंह ने कहा कि मामला संज्ञान में नहीं आया है। एसपी से पूरे प्रकरण की रिपोर्ट तलब कर गंभीरता से जांच कराई जाएगी। अगर दरोगा ने इस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया है तो उस पर कार्रवाई होगी।