कानपुर देहात। अकबरपुर स्थित एक निजी अस्पताल में बुखार से पीड़ित एक मासूम की उपचार के दौरान मौत हो गई। परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर उपचार में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया। इसके साथ ही अभद्रता का आरोप लगा अस्पताल के बाहर शव रखकर हंगामा काटा। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को शांत कराया। वहीं पीड़ित की तहरीर पर अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ गैर इरादतन हत्या, गाली-गलौज के साथ ही जान से मार देने की धमकी की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
गजनेर थाना क्षेत्र के महराजपुर गांव निवासी अरुण कुमार ने बताया कि शनिवार भोर पहर उसके पुत्र अभि (3) की तबियत बिगड़ गई। जिसपर उन्होंने अकबरपुर के अनंतराज हॉस्पिटल में पुत्र को भर्ती कराया। अस्पताल संचालक ने दवा के नाम पर 40 हजार रुपये के साथ ही अन्य मदों में रुपये जमा कराए। उन्होंने बताया कि कुछ देर उपचार के बाद ही मासूम की मौत हो गई, लेकिन अस्पताल संचालक ने उन्हें गुमराह करते हुए बच्चे की हालत नाजुक बताते हुए कानपुर रेफर कर दिया। वहीं हालत बिगड़ने पर कानपुर भिजवाने की बात कहकर अस्पताल की एंबुलेंस से भिजवाने लगे। वह कानपुर न ले जाकर जिला अस्पताल ले गया, जहां इमरजेंसी में तैनात डा. ने मासूम को मृत घोषित कर दिया। जिसपर परिजन शव को वापस निजी अस्पताल लाकर प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगा हंगामा काटा। उन्होंने आरोप लगाया कि मासूम की मौत अस्पताल में ही हो गई थी, लेकिन उन्होंने अपने दोष को छुपाने के लिए रेफर किया। वहीं गाली गलौज के साथ ही जान से मारने की धमकी भी दी। कोतवाल ऋषि कांत शुक्ला ने बताया की पीड़ित पिता की तहरीर पर अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ गैर इरादतन हत्या, गाली-गलौज व जान से मारने की धमकी की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में अस्पताल संचालक अमित कटियार को फोन मिलाया गया, लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाया।