फर्रुखाबाद। हादसे में जान गंवाने वाले पहाड़पुर निवासी सोबरन (45), सतीश (35) और वीरभान (30) दिल्ली में परिवार के साथ रहकर गुजर-बसर करते थे। सोबरन दिल्ली में आटो चलाता था। वहीं सर्वेश मुंबई में नौकरी करता है। मौजूदा समय में सोबरन की मां रामबेटी और पत्नी मचला देवी व उसका दस
वर्षीय पुत्र गांव में रहते हैं। सतीश, वीरभान व सोवरन आटो से बहन मीना देवी की पुत्री साधना निवासी बागौ थाना जैथरा जिला एटा के शादी समारोह से भाग लेकर दिल्ली लौट रहे थे। मथुरा के थाना व कसबा छाताकोसी हुए हादसे में निखिल (15) पुत्र वीरभान, दीपक (10) पुत्र सतीश, मुस्कान (8), जानवी (10) पुत्री सोबरन और सोबरन व सतीश की मौत हो गई। वहीं वीरभान, इनकी
पत्नी फूलन देवी, रेखा पत्नी सतीश, सलोनी (12), आकांक्षा (8), परी (5) पुत्रीगण सतीश और सोबरन की चचेरी बहन उर्मिला पत्नी कृपाल निवासी जिला मैनपुरी थाना व कसबा मोटा जख्मी हो गईं। इसकी सूचना दोपहर बाद जब सोबरन के गांव पहुंची तो सोबरन की पत्नी मचला देवी और मां रामबेटी दहाड़े
मार-मारकर रोने लगे। नाते-रिश्तेदार भी घर पहुंच गए। नाते-रिश्तेदार और अन्य ग्रामीण मथुरा के लिए रवाना हो गए। वीरभान का निखिल और सतीश कुमार का दीपक इकलौता पुत्र था।
पहाड़पुर में नहीं जले चूल्हे, गांव में छाया मातम