कानपुर देहात। 70 साल की एक वृद्धा ने जाको राखे साईयां, मार सके न कोय वाली कहावत को सच कर दिखाया है। दरअसल औरैया के शेरगढ़ घाट पर शनिवार शाम को पैर फिसलने से एक वृद्धा यमुना में गिर गईं। 14 घंटे लगातार पानी में बहती रहीं और घटना स्थल से 20 किलोमीटर दूर राजपुर के पिचौरा में पुलिस ने स्थानीय गोताखोरों की मदद से वृद्धा को बेहोशी की हालत में बाहर निकाला है। उपचार के बाद वह स्वस्थ हैं।
जालौन जिले के कुठौंद थाना क्षेत्र के किरवाहा रामपुरा निवासी माया देवी (70) पत्नी छोटे लाल शनिवार सुबह औरैया में डॉक्टर से दवा लेने गई थीं। घर लौटते वक्त शाम पांच बजे के करीब वह औरैया के शेरगढ़ यमुना नदी घाट के किनारे शौच करने लगीं। वहां पैर फिसलने से वह यमुना में गिर गईं। शाम होने के चलते घाट के आस-पास सन्नाटा था। इस वजह से उनके ऊपर किसी की नजर नहीं पड़ी। पूरी रात बहते हुए वह कानपुर देहात की सीमा में आ गईं।
रविवार सुबह सात बजे के करीब राजपुर थाना क्षेत्र के पिचौरा घाट किनारे मौजूद लोगों ने वृद्धा को नदी में बहता देख घटना की जानकारी पुलिस को दी। चौकी प्रभारी गुरेंद्र प्रताप सिंह ने स्थानीय गोताखोर हरिशंकर व गंभीर सिंह की मदद से वृद्धा को नदी से बाहर निकाला। हालांकि इस दौरान वह बेहोश हो गईं। पुलिस ने उनको राजपुर पीएचसी में भर्ती करवाया। इलाज के बाद होश में आने पर वृद्धा ने पुलिस को अपनी आपबीती बताई। इधर पुलिस ने घटना की जानकारी वृद्धा के परिजन को दी।
वृद्धा को अस्पताल से छुट्टी मिलने पर पुलिस ने उनको बेटे गुड्डू व बहू नेहा को सुपुर्द कर दिया। राजपुर थानाध्यक्ष सनत कुमार ने बताया कि वृद्धा औरैया के शेरगढ़ यमुना नदी घाट से यमुना में गिर गई थीं। नदी में गिरने से उनका हाथ टूट गया है। उपचार के बाद उनको सकुशल परिजन को सुपुर्द कर दिया गया है।