कानपुर। महर्षि वाल्मीकि जयंती पर सोमवार को मोतीझील स्थित वाल्मीकि उपवन में महर्षि वाल्मीकि जन्मोत्सव केंद्रीय मेला कमेटी की ओर से सामूहिक विवाह समारोह आयोजित किया गया। इसमें 65 जोड़े वैदिक मंत्रोच्चार के बीच सात फेरे लेकर विवाह बंधन में बंधे।
कार्यक्रम का शुभारंभ महर्षि वाल्मीकि के चित्र के सामने दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। इसके बाद लाजपत भवन से बैंड-बाजे के साथ बारात निकली। दूल्हे घोड़ी पर सवार होकर विवाह स्थल पहुंचे। यहां दुल्हनों के परिजनों ने द्वारचार की रस्म निभाई। मंगलगीतों के बीच वर-वधू ने एक-दूसरे को जयमाला पहनाई।
मेला कमेटी ने नवदंपतियों को उपहार दिए। सनातन वैदिक रामराज परिषद की ओर से रामचरितमानस और मिठाई भेंट की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता ब्रजेंद्र माकोरिया ने की और संचालन प्रकाश हजारिया ने की। देवीदीन भाऊ, संजय हजारिया, रामनारायण, दिलीप तांबे, मुन्ना हजारिया, रामस्वरूप और रमाकांत मिश्रा ने आयोजन में सहयोग किया।
नवदंपतियों को राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग के उपाध्यक्ष हरदीप सिंह गिल, मंत्री प्रतिभा शुक्ला, पूर्व सांसद राजाराम पाल, अनिल सोनकर वारसी, पूर्व विधायक सतीश निगम, उद्यमी नरेंद्र शर्मा और लालू गंगवानी समेत अन्य लोगों ने आशीर्वाद दिया।