नोटों के बंडलों की काउंटिंग चल रही
पांच सौ के नए नोटों की पहली खेप कानपुर रिजर्व बैंक के रीजनल ऑफिस पहुंच चुकी है। यहां नोटों के बंडलों की काउंटिंग चल रही है। यह काम रविवार तक पूरा हो सकेगा। उम्मीद है कि सोमवार से हालात और सामान्य होंगे। रिजर्व बैंक के इस रीजनल कार्यालय से पश्चिमी उत्तर प्रदेश समेत समेत यूपी के 48 जिलों और समूचे उत्तराखंड में करेंसी की सप्लाई होती है। जल्द ही उत्तराखंड में भी करेंसी की किल्लत दूर होगी।
बैंक अधिकारियों का कहना है कि पांच सौ के नोट आते ही आधी से ज्यादा समस्या अपने आप खत्म हो जाएगी। दरअसल, बैंकों में भीड़ की वजह सिर्फ नोटों की किल्लत है। खाताधारकों को उनकी जरूरत के हिसाब से रुपये नहीं मिल पा रहे हैं। पांच सौ के नोट बैंकों और एटीएम में पहुंचते ही करेंसी की किल्लत खत्म हो जाएगी। रिजर्व बैंक में पांच सौ के नोटों की काउंटिंग रविवार तक पूरी होने की उम्मीद है। इसके बाद इसे बैंकों के रीजनल आफिसों में भेजा जाएगा। रीजनल आफिस से ये नोट विभिन्न बैंकों के करेंसी चेस्ट पहुंचेंगे। इसके बाद इन्हें बैंकों की शाखाओं में पहुंचाया जाएगा। इस कवायद में सोमवार तक का टाइम लग सकता है। यहां से यूपी और उत्तराखंड के 61 जिलों में स्थित 261 करेंसी चेस्ट को करेंसी सप्लाई होती है। वर्तमान में रिजर्व बैंक को करीब पांच हजार करोड़ रुपये की जरूरत है। हालांकि अभी यह तो नहीं पता चला कि रीजनल ऑफिस को कितनी करेंसी मिली लेकिन नई करेंसी मिलने से अब बैंक अफसरों का तनाव जरूर कम हुआ है। एटीएम में पांच सौ के नोटों की संख्या बढ़ाई जाएगी। पांच सौ के नोट अधिक होने से एटीएम जल्दी खाली नहीं होेंगे और ज्यादा से ज्यादा लोगों को रुपये निकालने का मौका मिलेगा।