कायमगंज। एएनएम के घर पर इलाज के दौरान प्रसूता की मौत मामले में मृतका के ससुर की तहरीर पर पुलिस ने चिकित्साधीक्षक समेत तीन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। उधर, जाम लगाने में पुलिस ने 13 नामजद और आधा सैकड़ा अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट लिखी है।
गांव रसीदपुर प्रसूता शिवानी की एएनएम मंजुला तिवारी के घर उपचार के दौरान बुधवार को मौत हो गई थी। इससे नाराज परिजनों व ग्रामीणों ने पुलगालिब चौराहा पर शव रखकर जाम लगा दिया था। मृतका के ससुर राजेश कुमार ने सीएचसी के चिकित्साधीक्षक, एएनएम मंजुल तिवारी, डा. शिव प्रकाश के खिलाफ तहरीर दी। इसमें कहा गया कि पुत्र वधू शिवानी को प्रसव के लिए अस्पताल लाया था। डा. शिव प्रकाश ने उसे लोहिया रेफर कर दिया।
आरोप है कि इस दौरान चिकित्साधीक्षक ने लोहिया न जाकर 50 हजार रुपयेे इंतजाम करने को कहा। आरोप है कि 20 हजार रुपये अधीक्षक को दिए। पुत्रवधू को मंजुल एएनएम के आवास पर भेज दिया। एएनएम ने 30 हजार रुपये जमा करा लिया। एएनएम ने 20 हजार रुपये और लाने को कहा। वह रुपये लेकर लौटा तो पुत्रवधू बाहर तख्त पर लेटी थी। एएनएम के दरवाजे पर ताला पड़ा था। पुत्रवधू की मौत हो चुकी थी। शिकायत करने पर अधीक्षक डा.
शिव प्रकाश से की तो उन्होंने अभद्रता की। पुलिस ने मृतका के ससुर की तहरीर पर तीनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। चौकी प्रभारी प्रमोद पांडेय ने बताया कि जाम लगाने और उपद्रव करने में राजेश कुमार, हरीबाबू, अमित कुमार, अतुल कुमार, अंशुल कुमार, सुरेश चंद्र, अवनेश कुमार, दुर्गेश, सोनपाल, दीपक, संजीव, अरुण, अनूप कुमार के खिलाफ नामजद और पचास अज्ञात लोगों के खिलाफ वलवा व सेवेन क्रिमिनल एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कराया गया है।
प्रसूता की मौत में सीएमएस समेत तीन पर रिपोर्ट
प्रसूता की मौत में मामले में कार्रवाई, जाम लगाने में 13 नामजद और आधा सैकड़ा अज्ञात पर भी रिपोर्ट
अमर उजाला ब्यूरो