फतेहपुर। प्रधान के नलकूप से लाखों की अवैध शराब की बरामदगी के चंद दिनों के भीतर आबकारी विभाग की टीम ने शराब बनाने में प्रयोग होने वाली स्प्रिट पकड़ी है। सोमवार रात करीब दो बजे नउवाबाग के पास से गुजर रही पिकअप की तलाशी में दो हजार लीटर स्प्रिट बरामद हुई। इसकी कीमत 28 लाख रुपये बताई जा रही है। मौके से दो लोगों को पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया गया। आबकारी निरीक्षक की तहरीर पर दो नामजद और एक अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई।
जिला अवैध शराब के गोरखधंधे का हब बन चुका है। शराब बनाने से लेकर इसकी तस्करी में बड़े पैमाने पर जिले के लोग शामिल हैं। सोमवार रात नउवाबाग के पास राजस्व विभाग की टीम चेकिंग में लगी थी। इस दौरान कानपुर की तरफ से आ रहे पिकअप की तलाशी में भारी मात्रा स्प्रिट मिलने पर अधिकारी हैरत में पड़ गए। आबकारी निरीक्षक अजय कुमार ने पिकअप चालक शमीम से पूछताछ की तो उसने बताया कि धाता में किसी
अनूप सिंह को दो हजार लीटर स्प्रिट पहुंचानी है। शमीम की अनूप से मोबाइल पर बात कराई गई तो अनूप ने धाता से छह किलोमीटर पहले की लोकेशन बताई। आबकारी टीम शमीम को लेकर मौके पर पहुंची और अनूप सिंह भी पकड़ गया। एक अन्य फरार हो गया। आबकारी विभाग की टीम ने गाड़ी सहित अनूप सिंह व शमीम को कोतवाली
पुलिस के सुपुर्द कर दिया। निरीक्षक ने कोतवाली में दोनों के विरुद्ध नामजद और एक अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। धरपकड़ में आबकारी निरीक्षक अजय कुमार के साथ आबकारी निरीक्षक बृजेंद्र पटेल और शंकर पाल भी मौजूद रहे। अजय कुमार ने बताया कि पकड़ी गई स्प्रिट 91.5 प्रतिशत तीव्रता की थी। इस तीव्रता की शराब पीने योग्य नहीं होती है।
आबकारी टीम ने लाखों की स्प्रिट पकड़ी
गोरखधंधे में शामिल दो लोगों को कोतवाली पुलिस के हवाले किया
दो नामजद और एक अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई
अमर उजाला ब्यूरो