उन्नाव। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि में कृषक डाटा फीडिंग में जनपद प्रदेश में पांचवें स्थान पर खिसक गया है। डिटेल फीड किसानों की संख्या एक लाख के पार पहुंच गई है। हालांकि फीडिंग के बाद अपात्रों की संख्या में भी इजाफा हो गया है। 20 फरवरी तक किसान पारदर्शी योजना में पंजीकृत कृषकों का डेटा फीड किया जाना है।
मोदी सरकार की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पीएम किसान) में 2 हेक्टेयर (8 बीघे) वाले किसानों को सालाना छह हजार रुपये दिए जाने हैं। सरकार के आदेश के तहत किसानों के खातों में फरवरी के अंतिम सप्ताह तक पहली किस्त भेज देनी है।
बुधवार शाम तक 111398 किसानों का डेटा लॉक कर दिया गया। मंगलवार को प्रदेश में जनपद का स्थान चौथा था। उपकृषि निदेशक डा. नंदकिशोर ने बताया कि किसान पारदर्शी योजना में पंजीकृत 111398 किसानों की एंट्री कृषक पोर्टल पर पूरी कर ली गई है। इसमें करीब 4743 किसान अपात्र पाए गए। अपात्रों में अधिकांश के पास 2 हेक्टेयर से ज्यादा की भूमि निकली है। कुछ का आधारकार्ड लिंक नहीं था। शेष बचे 106655 पात्र किसानों का डेटा फीड कर दिया गया है।
उन्होंने बताया किसान पारदर्शी योजना में पंजीकृत 380000 किसानों का डेटा 20 फरवरी तक फीड किया जाना है। इसके बाद भूलेख में पंजीकृत कृषकों का नंबर आएगा। उम्मीद है कि इसी माह पंजीकृत किसानों के खातों में पहली किस्त के रूप में 2 हजार रुपये की धनराशि पहुंच जाएगी।
-प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि में आधार व बैंक डिटेल फीड किसानों की संख्या एक लाख के पार हुई
-अपात्रों की संख्या भी बढ़ी, 20 तक चलेगा किसान पारदर्शी योजना में पंजीकृत कृषकों की डेटा फीडिंग