फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शौचालय निर्माण के 12 लाख हड़पे

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

उन्नाव। सुमेरपुर की ग्राम पंचायत संग्रामपुर में प्रधान व सचिव ने शौचालय निर्माण के लिए आई धनराशि निकाल ली। इसी बीच ग्राम पंचायत विकास अधिकारी का स्थानांतरण हो गया। सचिव ने शौचालयों का निर्माण कार्य पूरा नहीं कराया। एडीओ पंचायत ने गांव जाकर जांच-पड़ताल की तो मामले की खुलासा हुआ। उनकी रिपोर्ट पर अब जिला पंचायतराज अधिकारी ने प्रधान को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है।
संग्रामपुर गांव को वर्ष 2015-16 में डा. राममनोहर लोहिया समग्र ग्राम विकास योजना में चयनित किया गया था। गांव को 105 शौचालयों के निर्माण का लक्ष्य दिया गया था। गांव में विनोद कुमार वर्मा सचिव के रूप में तैनात थे। पंचायतीराज विभाग ने 12 हजरा रुपये प्रति शौचालय की दर से 105 शौचालयों के लिए 12 लाख 60 हजार की धनराशि जारी की थी। सचिव ने शौचालय निर्माण के नाम पर पूरा पैसा निकाल लिया। इसी बीच उसका ट्रांसफर पुरवा ब्लाक हो गया और वह ग्राम पंचायत छोड़कर चला गया। जिससे शौचालयों का निर्माण पूरा नहीं हो पाया। पिछले माह एडीओ पंचायत ने गांव में जाकर शौचालयों की प्रगति जांची तो पता चला कि कोई भी शौचालय पूरा नहीं हुआ है। इसी आधार पर उन्होंने इसे सरकारी धन का दुरुपयोग पाया और जांच रिपोर्ट डीपीआरओ को भेजी। उधर, वर्तमान सचिव ने भी डीपीआरओ को एक शिकायतीपत्र देकर पूरे मामले की जानकारी देते हुए तत्कालीन सेक्रेटरी पर कार्रवाई की मांग की है। रिपोर्ट के आधार पर जिला पंचायतराज अधिकारी ने प्रधान से हफ्तेभर में स्पष्टीकरण देने का आदेश दिया है। डीपीआरओ ने बताया कि इस मामले में तत्कालीन सचिव विनोद कुमार वर्मा को जल्द ही नोटिस जारी की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

दो अन्य गांवों के प्रधानों को भी जारी हुआ नोटिस
शौचालयों के निर्माण की प्रगति खराब मिलने पर सिकंदरपुर करन की दो ग्राम पंचायतों बैदरा व खुटवा नौगवां के प्रधानों को नोटिस जारी की गई है। दोनों ही गांवों में बन रहे शौचालयों का जायजा एडीओ पंचायत ने पिछले माह लिया था। खुटवा नौगवां में 265 शौचालय बनने थे लेकिन एक भी पूरा नहीं मिला। यही स्थिति बैदरा गांव की भी रही। यहां पर 220 शौचालयों में एक की सीट टूटी मिली। 25 में शीट नहीं लगी थी। 11 में गड्ढे ही खोदे नहीं गए। 43 में चेंबर भी नहीं मिले। एक शौचालय में पानी की टंकी नहीं पाई गई। इसी आधार पर दोनों गांव के प्रधानों को नोटिस जारी कर हफ्तेभर में जवाब मांगा गया है।

शौचालयों निर्माण के 12 लाख हड़पे
सुमेरपुर की ग्राम पंचायत संग्रामपुर में एडीओ की जांच में हुआ खुलासा
अधूरे पड़े शौचालय, डीपीआरओ ने प्रधान से मांगा स्पष्टीकरण
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें