कानपुर देहात। माती स्थित कलक्ट्रेट सभागार में मंगलवार को डीएम आलोक सिंह की अध्यक्षता में जिला पर्यावरण, वेटलैंड व गंगा समिति की समीक्षा बैठक हुई। वित्तीय वर्ष 2025-26 में लगाए जाने वाले पौधों के लिए कार्ययोजना प्रस्तुत करने के लिए सभी 24 विभागों को डीएम ने 10 दिन की मोहलत दी है।
वर्ष 2025-26 में वन विभाग को 26, 75, 000 पौधे लगाने का लक्ष्य मिला है। वहीं 24 अन्य विभागों को 30, 47, 760 पौधे लगाने हैं। पौधरोपण के लिए जमीन उपलब्धता की कार्यवाही कर 28 फरवरी तक कार्ययोजना अनिवार्य रूप से डीएफओ कार्यालय में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। डीएम ने कहा कि यदि किसी विभाग के पास भूमि की उपलब्धता कम है तो स्पष्ट कारण से अवगत कराएंगे।
डीएफओ एके द्विवेदी ने बताया कि प्रत्येक ग्राम पंचायत एवं नगरीय निकाय स्तर पर पौधरोपण की माइक्रोप्लानिंग कराई जा रही है। नर्सरी में पौधे तैयार कराए जा रहे हैं। उपायुक्त, स्वत:रोजगार ने बताया कि राजपुर ब्लाॅक में लगभग 50 कृषक रेशम उत्पादान से जुड़े हैं। इसपर डीएम ने उपनिदेशक कृषि को किसानों को चयनित कर एफपीओ गठन के निर्देश दिए। जिला पर्यावरण समिति की चर्चा पर जेआरएफ अंकिता कटियार ने बताया कि सिंगल यूज प्लास्टिक का रोक लगाने पर जोर दिया।
जिला गंगा समिति की समीक्षा में महाकुम्भ के दृष्टिगत शून्य अशोधित उत्प्रवाह सुनिश्चित कराने के लिए क्षेत्रीय अधिकारी, उप्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को निर्देश दिए गए। जिला परियोजना अधिकारी गंगा समिति विवेक कुमार सैनी ने अवगत कराया कि ग्राम आर्द्रभूमि समिति एवं समस्त नदियों के किनारे स्थित ग्रामों में ग्राम गंगा समिति का गठन किया जाना है। डीपीआरओ विकास पटेल ने बताया कि 150 पंचायतों मे आद्रभूमि समिति बन चुकी हैं। वेटलैंड समिति की समीक्षा में डीएफओ ने बताया कि कुल 289 वेटलैंड चिन्हित किए गए हैं। इसमें 271 वेटलैंड का स्थलीय सत्यापन हो चुका है। यहां सीडीओ लक्ष्मी एन, सीएमओ डॉ. एके सिंह आदि रहे।