मनरेगा में महिलाओं की सहभागिता 19 फीसदी पहुंचने पर सीडीओ ने खंड विकास अधिकारियों की पीठ थपथपाई। सोमवार को वह विकास भवन में मनरेगा योजना की समीक्षा कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने निर्देश दिए कि सभी बीडीओ ऐसे कामों की खोज करें जिनमें सिर्फ और सिर्फ महिलाओं को लगाया जा सके। इससे सहभागिता मे भारी अंतर दिखाई देगा।
मुख्य विकास अधिकारी उदयराज यादव ने बताया कि ओलावृष्टि से हजारों की संख्या में किसान प्रभावित हुए हैं। ऐसे में रोजगार की तलाश में किसानों को बाहर न जाना पड़े, इसके लिए उनको मनरेगा योजना से जोड़ने के निर्देश खंड विकास अधिकारियों को प्रदान किए गए थे। जिले की 441 ग्राम पंचायतों में 434 में मस्टर रोल जारी हो गए।
जबकि विकास खंड सौरिख में एक, छिबरामऊ में एक, हसेरन में दो, उमर्दा में दो गांवों में अभी काम शुरू नहीं हो सका है। खंड विकास अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्य में तेजी लाई जाए। सीडीओ ने बताया कि अभी तक श्रमिकों को इलाहाबाद बैंक के जरिए भुगतान मिल रहा था। इसमें तमाम तरह की दिक्कतें आ रही थीं। अब उनको स्टेट बैंक से भुगतान मिलेगा।
खंड विकास अधिकारी कन्नौज को महिलाओं की सहभागिता 26 फीसदी कराए जाने पर प्रशंसा की। परियोजना निदेशक एके सिंह कुशवाहा ने खंड विकास अधिकारियों को निर्देश दिए कि जांच के दौरान मामला सामने आया है कि तमाम ऐसे सेक्रेटरी हैं जिन्होंने लोहिया आवासों में सामान्य कारणों के चलते बैंकों में लाभार्थी का भुगतान रोके जाने का लेटर भेज दिया है।
बीडीओ अपने क्षेत्र में इस बात का पता ले कि किन लाभार्थियों का भुगतान रुका हुआ है। यदि किसी का भुगतान रुका तो उसे तत्काल निकलवाए। ताकि निर्माण कार्य पूरा हो सके। इस मौके पर श्रमायुक्त रवींद्रनाथ सिंह, खंड विकास अधिकारी साधना दीक्षित, रामउदरेज यादव सहित अन्य विकास खंडों के बीडीओ, एपीओ अपूर्वा सिंह, प्रशांत शुक्ला सहित अन्य मौजूद रहे।