तालग्राम। क्षेत्र के गदनापुर लोधी गांव में बिटिया की शादी में गिरवी (बंधक) रखी जमीन को जीवित रहते पिता नहीं छुड़ा सके। इससे परेशान किसान की रविवार को सदमे से मौत हो गई। रविवार को जमीन छुड़ाने का वादा था पर कुछ रुपये कम पड़ रहे थे। मौत से परिवार में चीख-पुकार मच गई।
गदनापुर लोधी गांव निवासी जदुनाथ वर्मा उर्फ साधू (52) पिता कामता प्रसाद का इकलौते बेटे थे। पिता के नाम करीब ढाई बीघा जमीन है। उस जमीन पर जदुनाथ खेती करते थे। बड़ी बिटिया शिखा की तीन साल पहले शादी करने पर रुपये की जरूरत में जमीन गिरवी रख दी थी।सुबह शौच को खेत की तरफ गए थे। तभी साढ़े पांच बजे के करीब खेत पर लोगों ने अचेत पड़े देखा।
परिजन और ग्राम प्रधान प्रतिनिधि हरनाथ राजपूत सीएचसी लेकर पहुंचे। वहां डाक्टरों ने मृतक घोषित कर दिया। सीएचसी से पुलिस को सूचना भी भेज दी गई लेकिन परिजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इंकार कर दिया। पत्नी सुमन देवी ने बताया कि बिटिया की शादी में जमीन गिरवी रखी थी। पौन बीघा 60 हजार रुपये और पौने दो बीघा ज़मीन को 1.20 लाख रुपये में गांव के एक व्यक्ति के पास रखी थी। पौन दो बीघा जमीन छुड़वाने के लिए रुपये की व्यवस्था कर रहे थे। 80 हजार रुपये का इंतजाम हो गया था। रविवार को रुपये देने का वादा था, 40 हजार रुपये कम पड़ रहे थे। वादे पर रुपये न देने पर जमीन रखने वाले साहूकार एक साल बाद छोड़ने की धमकी दे रहे थे। इससे चिंतित होने से सदमे में मौत हो गई। दो बेटियों में शिखा की शादी हो गई है। दीक्षा और दो पुत्र गौरव और सौरभ है। वहीं बुजुर्ग पिता का रो-रो कर हाल बेहाल है।