हसेरन। कस्बे में नहर विभाग की कीमती जमीन पर कई लोगों ने अवैध कब्जे कर रखे हैं। शनिवार को जमीन पर कब्जे को लेकर दो पक्ष आमने-सामने आ गए। गालीगलौज के साथ एक पक्ष ने नहर विभाग की जमीन पर रखे पेटी का सामान उठाकर फेंक दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई की है।
ग्राम सुखसेनपुर निवासी दीपकांत का हसेरन बंबा पुलिया पर लकड़ी की पेटी रखा है। दुकान के पीछे गांव के ही राहुल, विकास के मकान हैं। जमीन पर कब्जे को लेकर दूसरे पक्ष ने दीपकांत से दुकान हटाने की बात कही। मना करने पर इन लोगों ने गालीगलौज करते दुकान का सामान फेंकना शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन यह लोग पुलिस के सामने भी मारपीट पर आमादा थे। इस पर पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई की है।
50 लोग नहर विभाग की जमीन पर कर चुके हैं कब्जा
बता दें कि कस्बे में नहर विभाग की बेशकीमती जमीन पर गांव के 50 से अधिक लोग कब्जा कर आलीशान इमारतें व व्यवसायिक प्रतिष्ठान बना चुके हैं। वर्ष 2023 में तत्कालीन एक्सईएन पारसनाथ मौर्य के निर्देश पर विभाग ने अवैध कब्जों पर नोटिस चस्पा कर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए थे, लेकिन राजनीतिक दबाव के चलते यह मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया गया। नहर विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि अतिक्रमण हटाने के लिए कार्रवाई शुरू की गई थी, लेकिन कुछ लोगों ने न्यायालय से स्टे ले लिया, जिसके चलते अभियान को रोक दिया गया था। जिन लोगों के पास स्टे नहीं है, उनके खिलाफ शीघ्र ही कार्रवाई कर कब्जा हटवाया जाएगा।
सिंचाई खंड अधिशासी अभियंता सूर्यमणि सिंह का कहना है कि नहर विभाग की जमीन पर अवैध कब्जे हैं और कब्जेदारों ने कोर्ट से स्टे ले रखा है। इस वजह से कार्रवाई रुकी है। जल्द ही इस बारे में कोर्ट से कोई आदेश आएगा, जिसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी।