छात्राओं को समझाते अतिरिक्त मजिस्ट्रेट राजेश कुमार।
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अकबरपुर बांगर में स्थित राजकीय महिला डिग्री कालेज में टीचरों के विवाद के चलते शुक्रवार को होम साइंस की छात्राएं प्रायोगात्मक परीक्षाएं नहीं दें पाईं। क्लास नहीं खुलने और धूप में खड़े रहने के चलते तीन छात्राएं बेहोश भी हो गईं। छात्राओं को पानी भी खरीदकर पीना पड़ा। खफा छात्राओं ने कलेक्ट्रेट में जमकर हंगामा किया। इसके बाद अतिरिक्त मजिस्ट्रेट राजेश कुमार यादव ने प्रभारी प्राचार्य और अन्य स्टाफ को तलब कर विवाद निपटाया।
साथ ही चेतावनी दी कि भविष्य यदि विवाद हुआ तो सीधे निलंबन के लिए तैयार रहें। राजकीय महाविद्यालय की एक सैकड़ा छात्राएं दोपहर बारह बजे के बाद कलेक्ट्रेट पहुंचीं। इस दौरान प्रभारी प्राचार्य पर प्रयोगात्मक परीक्षा न होने देने के आरोप लगाते हुए हंगामा काटा। जिलाधिकारी अनुज कुमार झा ने अतिरिक्त मजिस्ट्रेट राजेश कुमार यादव को मामले को सुलझाने के निर्देश दिए।
अतिरिक्त मजिस्ट्रेट ने छात्राओं के पक्ष को जानने के बाद होम साइंस प्रवक्ता विद्या वर्मा, प्रभारी प्राचार्य पुष्पलता, प्रवक्ता सुमन शुक्ला व लिपिक विवेक तिवारी को तलब किया। इस दौरान प्रभारी प्राचार्य ने बताया कि 25 फरवरी तक होम साइंस के प्रैक्टिकल हो जाने चाहिए थे, लेकिन होम साइंस टीचर एग्जाम नहीं करा पाईं। इसके बाद विश्वविद्यालय से अनुमति लेकर दूसरे किसी को नियुक्ति अनुमति मांगी गई। जबकि, होम साइंस टीचर का कहना है कि प्रभारी प्राचार्य ने जानबूझकर प्रैक्टिकल नहीं होने दिए।
अतिरिक्त मजिस्ट्रेट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद विश्वविद्यालय के परीक्षा कंट्रोलर से वार्ता करके मैनपुरी की टीचर को रविवार को इंटरनल एग्जाम के लिए नियुक्त कराया। साथ ही प्रवक्ताओं को निर्देश दिए कि आपसी विवाद को अपने तक सीमित रखे। इसमें बच्चों के भविष्य के साथ न खेलें। दोबारा इस तरह का विवाद यदि सार्वजनिक हुआ तो सीधे निलंबन के लिए तैयार रहें।