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बेटे के सीने पर तमंचा ताना, पिता की हत्या

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मृतक रामवीर (फाइल फोटो) - फोटो : CHIBRAMAU
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छिबरामऊ (कन्नौज)। नथा नगला गांव के कुछ युवकों ने घर के बाहर सो रहे बेटे के सीने पर तमंचा तान दिया। बेटे के सामने ही किसान पिता की चाकू से गोदकर निर्मम हत्या कर दी।
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वारदात से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। फोरेंसिक टीम ने गांव पहुंचकर साक्ष्य एकत्रित किए। अपर पुलिस अधीक्षक व सीओ ने ग्रामीणों से मामले की जानकारी ली। एएसपी ने कोतवाल को शीघ्र ही आरोपियों की गिरफ्तारी करने के निर्देश दिए। भतीजे की तहरीर पर पुलिस ने छह लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। एएसपी की माने तो मृतक के बड़े बेटे के साथ आरोपियों का बुधवार शाम विवाद हुआ था, इसी विवाद को लेकर अभी तक वारदात को अंजाम देने की बात सामने आई है।
क्षेत्र के ग्राम नथा नगला निवासी रामवीर सिंह (50) पुत्र झम्मन लाल के परिवार में पत्नी नन्ही देवी, करन सिंह उर्फ लालू, लाल सिंह, प्रदीप और अवनीश चार पुत्र हैं। एक बेटी रेखा है। बुधवार रात रामवीर अपने तीसरे नंबर के बेटे प्रदीप के साथ घर के दरवाजे पर सो रहे थे। प्रदीप के मुताबिक, देर रात करीब 12 बजे गांव के ही चंद्रजीत व राजेश पुत्र नत्थू सिंह, अशोक पुत्र राजेंद्र सिंह, आलोक व नीतू उर्फ नीतेश पुत्र चंद्रजीत व चंद्रजीत का रिश्तेदार पिंटू पुत्र रामसनेही निवासी सिकरोरी थाना तिर्वा वहां पर आए और उसके पिता का मुंह दबाकर उन पर चाकुओं से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। जब उसने शोर मचाने की कोशिश की तो उसके सीने पर तमंचा सटा दिया। आरोपियों के जाने के बाद उसने शोर मचाया तो परिजन बाहर निकल आए। परिजन घायल रामवीर सिंह को सौ शय्या अस्पताल लेकर गए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
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किसान की हत्या की जानकारी पाकर सीओ शिव कुमार थापा, प्रभारी निरीक्षक शैलेंद्र कुमार मिश्रा पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे। पुलिस ने वारदात के संबंध में ग्रामीणों से पूछताछ की। पुलिस ने जब हत्यारोपियों के घर पर छापा मारा तो एक मकान में ताला लटका मिला जबकि दूसरे मकान में सिर्फ महिलाएं मिलीं। फोरेंसिक टीम ने गांव पहुंचकर साक्ष्य एकत्रित किए। दोपहर बाद अपर पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार सिंह गांव पहुंचे और कोतवाली प्रभारी शैलेंद्र कुमार मिश्रा को शीघ्र ही आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए। पुलिस ने मृतक के भतीजे ध्रुव सिंह की तहरीर पर सभी छह आरोपियों के खिलाफ नामजद हत्या की रिपोर्ट दर्ज की है।
सीओ छिबरामऊ शिवकुमार थापा ने बताया कि बुधवार की शाम को मृतक रामवीर सिंह यादव के सबसे बड़े बेटे करन सिंह उर्फ लालू का गांव के राजेश पुत्र नत्थू सिंह, आलोक व नीतू पुत्रगण चंद्रजीत, नीतू के मामा पिंटू के बीच शराब के नशे में झगड़ा हुआ था। इस घटना की जानकारी पुलिस को नहीं दी गई। ग्रामीणों की मध्यस्थता के बीच दोनों पक्षों में समझौता करा दिया गया। इसी रंजिश में देर रात युवकों ने वारदात को अंजाम दिया।
छिबरामऊ कोतवाली निरीक्षक ने बताया कि आरोपियों की तलाश में पुलिस की दो टीमें लगी हुई हैं। शीघ्र ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
चाकुओं से गुदा शरीर देख कांप गई रूह
छिबरामऊ। ग्राम नथा नगला में किसान की हत्या के बाद घटना का प्रत्यक्षदर्शी उनका बेटा प्रदीप बताता है कि जब हत्यारों ने उसके पिता पर हमला किया तो चीख सुनकर उसकी आंख खुल गई। इससे पहले कि वह शोर मचाता, हत्यारों ने उसके सीने पर तमंचा रख दिया। जब आरोपी उसके पिता को लहूलुहान हालत में छोड़कर गए तो वह अपने पिता के पास पहुंचा। पिता का चाकुओं से गुदा जिस्म देखकर उसकी रूह कांप गई। उसने अपने परिजनों व चचेरे भाई को बुलाकर मामले की जानकारी दी। हत्यारों ने उसके पिता के सीने, बांह व पेट पर चाकुओं से एक के बाद एक पांच वार किए थे।
अस्पताल से पहुंचा मेमो तब हुई पुलिस को घटना की जानकारी
छिबरामऊ। छिबरामऊ सीओ शिवकुमार थापा ने बताया कि बुधवार रात जब मृतक के बेटे करन सिंह के साथ आरोपी युवकों का विवाद हुआ तब भी पुलिस को कोई सूचना नहीं दी गई थी और गांव के लोगों ने ही बीचबचाव करके मामले में समझौता करा दिया था। रात में घटना के बाद भी परिजनों ने पुलिस को सूचना नहीं दी। सौ शय्या अस्पताल से जब छिबरामऊ कोतवाली पुलिस के पास मेमो पहुंचा तब वारदात की जानकारी हो सकी।
और खो गई मोर्चरी की चाबी
छिबरामऊ। रामवीर सिंह यादव की हत्या के बाद चिकित्सकों ने उसके शव को मोर्चरी में रखवा दिया। परिजन मोर्चरी के बाहर ही भीड़ लगाए रहे। पंचनामा भरवाने के लिए पुलिस ने जब शव को मोर्चरी से बाहर निकालने के लिए चाबी मंगवाई तो सभी एक-दूसरे का मुंह ताकतें दिखाई दे रहे थे। पुलिस लगातार डेढ़ घंटे तक चाबी आने का इंतजार करती रही लेकिन चाबी नहीं आई। अस्पताल प्रशासन की इस लापरवाही से रामवीर सिंह के परिजनों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया था। डेढ़ घंटे के इंतजार के बाद भी जब चाबी नहीं आई तो पुलिस ने आखिरकार इसका ताला तुड़वाकर शव को बाहर निकलवाया।
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