अमोलर। नैपालपुर भीमसेन मंदिर परिसर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में सोमवार को कथावाचक सुरेशचंद्र शास्त्री ने भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का वर्णन किया।
उन्होंने बताया कि सांसारिक बंधन में हम जितना बंधेंगे, उतना ही पाप हमारे नजदीक पहुंचता है। इसलिए सांसारिक बंधन से मुक्त होकर परमात्मा की शरण में जाने से ही जीवन रूपी नैया पार हो सकेगें। कथावाचक ने बताया कि कृष्ण विष्णु के अवतार हैं। पृथ्वी पर असुर और राक्षसों का संहार करने के लिए भगवान विष्णु रूप लेकर अवतरित होते हैं। उन्होंने ने कहा कि व्यक्ति को हमेशा धर्म के मार्ग पर चलकर समाज सेवा में आगे आना चाहिए। कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने गीता का उपदेश देकर हमें कर्मयोग का ज्ञान सिखाया। साथ ही संदेश दिया कि प्रत्येक व्यक्ति को कर्म के माध्यम से जीवन में आगे बढ़ना चाहिए। इस मौके अनेक श्रद्धालु मौजूद रहे।