तालग्राम(कन्नौज)। अमोलर-गुरसहायगंज मार्ग पर बने मानक विहीन ब्रेकर ने एक महिला की जान ले ली। पति के साथ जा रही महिला ब्रेकर पर बाइक आते ही उछलकर नीचे आ गिरी। इससे उसकी मौत हो गई। हादसे के बाद पति का रो-रोकर बुरा हाल है।
कन्नौज कोतवाली के मकरंदनगर कुतलूपुर निवासी गोविंद सिंह किसानी करते हैं। शनिवार सुबह 7:30 बजे वह पत्नी करुणा देवी (46) को बाइक से लेकर ताहपुर सकरवारा हनुमान मंदिर दर्शन करने जा रहे थे। तभी गुरसहायगंज-अमोलर मार्ग पर आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस वे अंडरपास पर ढिपारा गांव के पास तेज रफ्तार बाइक ब्रेकर पर उछल गई। इस कारण पीछे बैठी करुणा देवी उछलकर सिर के बल सड़क पर आ गिरी। पति बाइक से काफी दूर निकल गया। बाद में करुणा देवी के गिरने का पता चला तो वह लौटा। वह घायल पत्नी को लेकर डॉक्टर के पास पहुंच गए। गंभीर हालत होने के कारण करुणा देवी को गुरसहायगंज के नर्सिग होम में भर्ती कराया गया। वहां इलाज शुरू होने से पहले ही करुणा ने दम तोड़ दिया। बाइक चालक हेलमेट लगाए था।
अमोलर-गुरसहायगंज मार्ग पर डंबलपुर गांव से ढिपारा गांव के बीच एक किमी के रास्ते पर तीन जगह मानक विहीन ब्रेकर बने हैं। इन पर आए दिन बाइक उछलने से हादसे हो रहे हैं। शिकायत के बाद भी पीडब्ल्यूडी के अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। प्रभारी निरीक्षक राजा दिनेश सिंह का कहना है कि सड़कों पर बने गति अवरोध दुर्घटनाओं को बढ़ावा दे रहे हैं। पीडब्ल्यूडी विभाग से इन ब्रेकरों को हटवाने या सही कराने के लिए कहा जाएगा।
पीडब्ल्यूडी के जेई अरुण सिंह ने बताया कि तय मानक के मुताबिक ब्रेकर की ऊंचाई छह से नौ इंच के बीच होनी चाहिए। आपस में दूरी एक फिट रहे। ब्रेकर पर सफेद पेंट होना चाहिए। ताकि वह दूर से वाहन चालक को दिख जाए। सड़क के दोनों तरफ ब्रेकर से पहले एक सूचना बोर्ड लगाना चाहिए। इससे वाहन चालक को पता रहता है कि आगे गति अवरोध है। ब्रेकर का समय-समय पर निरीक्षण भी करते रहना चाहिए। अमोलर-गुरसहायगंज मार्ग पर हादसे का कारण बने ब्रेकर की जांच कराई जाएगी। पता किया जाएगा कि इस ब्रेकर को नियमानुसार बनाया गया है कि नहीं। यदि इसमें कमी पाई गई तो इसे हटाया जाएगा।