जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान के प्राचार्य
ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह भदौरिया ने कहा कि परिषदीय स्कूलों में शैक्षिक
गुणवत्ता के साथ सांस्कृतिक और खेलकूद के कार्यक्रम भी जरूरी होते हैं। वह
दो दिवसीय जिला स्तरीय बाल क्रीड़ा प्रतियोगिता के उद्घाटन समारोह को
संबोधित कर रहे थे।
कहा कि टीचरों को शैक्षिक गुणवत्ता बनाए रखने के
साथ ही बच्चों में साहित्यिक, शैक्षिक और खेलकूद की भावनाओं को भी ध्यान
रखना चाहिए। बीएसए रामकरन यादव ने कहा कि बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए
खेलकूद जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि हर स्कूल में खेलकूद, स्काउट गाइड और
सांस्कृतिक कार्यक्रमों का नियमित आयोजन कराया जाए।
इससे बच्चों में
सर्वांगीण विकास होता है। कहा कि अब यहीं प्रयास रहेगा कि जिला स्तरीय
खेलकूद प्रतियोगिताएं अलग-अलग तहसीलों में आयोजित की जाएं। इससे पूर्व
माध्यमिक स्कूल कुंवरपुर बनवारी के बच्चों ने सरस्वती वंदना, पूर्व
माध्यमिक विद्यालय छिबरामऊ की छात्राओं ने स्वागत गीत पेश किए और रंगोली
सजाकर सभी का मन मोह लिया।
डायट प्राचार्य ने ध्वजारोहण कर खिलाड़ियों
द्वारा किए गए मार्चपास्ट की सलामी ली। पूर्व माध्यमिक विद्यालय महमूदपुर
खास के बच्चों ने देश गीत पेश किए। बीईओ अमर सिंह पाल, नागेंद्र सिंह, जिला
व्यायाम टीचर राजीव शुक्ला, जिला व्यायाम टीचर चंद्रलता त्रिपाठी, ब्लाक
व्यायाम टीचर विनोद मिश्रा, प्राथमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष अनूप मिश्रा,
जिलाध्यक्ष उदय नारायन सिंह, सुशील यादव और कुलदीप यादव ने अतिथियों का स्वागत किया।